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Shimla News: चेक बाउंस के मामले एक वरिष्ठ सहायक दोषी करार
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मकान के किराये के लिए जारी किए थे चेक
अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत का फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। जिला अदालत ने चेक बाउंस मामले में ओम प्रकाश को दोषी करार दिया है। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट निशांत वर्मा की अदालत ने यह फैसला सुनाया है। तीन वर्ष पूर्व दोषी ने किराये का बकाया 19,719 रुपये राशि के लिए फर्जी चेक जारी किए थे। सजा पर शुक्रवार को फैसला होगा।
शिकायतकर्ता राम चंद लोअर शिव नगर कसुम्पटी एक भवन का मालिक है और आरोपी मार्च 2021 में उनका किरायेदार था। इसी दौरान दोषी कोटखाई में बतौर वरिष्ठ सहायक सेवारत था जबकि शिमला में उपरोक्त भवन में पत्नी और बच्चे रह रहे थे। आरोप था कि देनदारी चुकाने के लिए शिकायतकर्ता के पक्ष में दो चेक जारी किए थे जिनकी कीमत 9,719 रुपये और 10,000 रुपये थी, जोकि पंजाब नेशनल बैंक की समतुल्य शाखा परवाणू अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक द मॉल सोलन से लिए थे। शिकायतकर्ता ने चेक 31 मार्च 2022 को अपने बैंकर को भुनाने के लिए प्रस्तुत किए लेकिन अपर्याप्त धनराशि होने के कारण इसे भुनाया नहीं जा सका। इसके बाद 20 जून 2022 को शिकायतकर्ता ने अदालत के समक्ष केस दायर किया। अब अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराया है।
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अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत का फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। जिला अदालत ने चेक बाउंस मामले में ओम प्रकाश को दोषी करार दिया है। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट निशांत वर्मा की अदालत ने यह फैसला सुनाया है। तीन वर्ष पूर्व दोषी ने किराये का बकाया 19,719 रुपये राशि के लिए फर्जी चेक जारी किए थे। सजा पर शुक्रवार को फैसला होगा।
शिकायतकर्ता राम चंद लोअर शिव नगर कसुम्पटी एक भवन का मालिक है और आरोपी मार्च 2021 में उनका किरायेदार था। इसी दौरान दोषी कोटखाई में बतौर वरिष्ठ सहायक सेवारत था जबकि शिमला में उपरोक्त भवन में पत्नी और बच्चे रह रहे थे। आरोप था कि देनदारी चुकाने के लिए शिकायतकर्ता के पक्ष में दो चेक जारी किए थे जिनकी कीमत 9,719 रुपये और 10,000 रुपये थी, जोकि पंजाब नेशनल बैंक की समतुल्य शाखा परवाणू अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक द मॉल सोलन से लिए थे। शिकायतकर्ता ने चेक 31 मार्च 2022 को अपने बैंकर को भुनाने के लिए प्रस्तुत किए लेकिन अपर्याप्त धनराशि होने के कारण इसे भुनाया नहीं जा सका। इसके बाद 20 जून 2022 को शिकायतकर्ता ने अदालत के समक्ष केस दायर किया। अब अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराया है।
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