हिमाचल में 9700 मेधावियों को इतने दिनों के भीतर मिलेंगे लैपटॉप
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
स्कूल-कॉलेज में पढ़ने वाले 9700 मेधावियों को नवंबर महीने में लैपटॉप मिलेंगे। मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद इलेक्ट्रॉनिक कॉरपोरेशन ने सप्लाई ऑर्डर जारी कर दिया है। 45 दिन के भीतर लैपटॉप का आवंटन शुरू होगा। लैपटॉप खरीद के लिए पहली बार दो कंपनियों का चयन किया गया है। एल वन कंपनी को 60 फीसदी और एल टू कंपनी को 40 फीसदी सप्लाई ऑर्डर दिया गया है।
स्कूल शिक्षा बोर्ड की साल 2018-19 में हुई परीक्षाओं में दसवीं और जमा दो कक्षा के 8800 और कॉलेजों के 900 मेधावियों को लैपटॉप दिए जाने हैं। साल 2018 में मेधावी विद्यार्थियों को सरकार लैपटॉप नहीं दे सकी थी। सितंबर महीने में मंत्रिमंडल ने प्रदेश में वर्ष 2017-18 तथा 2018-19 के लिए छात्र डिजिटल योजना में 10वीं, 12वीं और कॉलेजों के मेधावी विद्यार्थियों के लिए 9700 लैपटॉप खरीदने और वितरित करने को स्वीकृति प्रदान की है।
दो कंपनियों को टेंडर देने और खरीद के लिए पांच करोड़ का बजट बढ़ने से मामला विवादित हो गया था। 22 अगस्त को विधानसभा में कांग्रेस ने भी इसको लेकर खूब हंगामा किया था। लैपटॉप खरीद का जिम्मा राज्य इलेक्ट्रॉनिक कॉरपोरेशन को दिया गया है। उच्च शिक्षा निदेशालय ने खरीद के लिए करीब 17 करोड़ का बजट निर्धारित किया था, जबकि टेंडर में चुनी गई कंपनियाें ने 23 करोड़ के बजट में लैपटॉप देने की बात कही।
कॉरपोरेशन की टेंडर प्रक्रिया शिक्षा विभाग को रास नहीं आई। इसको आधार बनाते हुए शिक्षा विभाग ने टेंडर रद्द करने का प्रस्ताव भेजा था। जिसे प्रदेश सरकार ने रद्द कर दिया। सरकार ने शिक्षा विभाग को अतिरिक्त पांच करोड़ का बजट देने का फैसला लिया है। इसी कड़ी में कारपोरेशन ने दोनों कंपनियों को सप्लाई आर्डर जारी कर दिया है।
दोनों कंपनियों को जिले के आवंटन पर माथापच्ची जारी
लैपटॉप आवंटन के लिए चुनी गई दो कंपनियों को कौन-कौन से जिलों में काम दिया जाएगा। इसको लेकर उच्च शिक्षा निदेशालय अभी माथापच्ची कर रहा है।
लैपटॉप में चार जीबी रैम, 14 इंच होगी स्क्रीन
मेधावियों को दिए जाने वाले लैपटॉप में चार जीबी की रैम होगी। 14 इंच की स्क्रीन वाले लैपटॉप में तीन यूएसबी पोर्ट, विंडो 10 प्रो, एमएस ऑफिस का नया वर्जन, इंटेल का क्वाड कोर और ड्यूल कोर प्रोसेसर होगा। तीन साल की वारंटी होगी। बैटरी की की वारंटी एक साल की होगी। लैपटॉप में वेब कैमरा भी होगा। विद्यार्थियों के लिए बनाए गए माइक्रोसॉफ्ट का सॉफ्टवेयर लैपटॉप में डाला जाएगा।
स्क्रीन ऑन होने ही दिखेगी मुख्यमंत्री की फोटो
लैपटॉप ऑन होते ही स्क्रीन पर मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री की फोटो दिखेगी। प्रधानमंत्री की फोटो भी इसमें शामिल की जा सकती है। साल 2017 में पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की फोटो स्क्रीन पर दिखती थी। सत्ता परिवर्तन होते ही भाजपा सरकार ने लैपटॉप का आवंटन रुकवा दिया था। पूर्व मुख्यमंत्री की फोटो को हटाकर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की फोटो अपलोड करने के बाद लैपटॉप बांटे गए थे।