फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Mohali News ›   झांसा देकर ठगे चौदह लाख, हाईकमीशन के पत्र से खुली पोल

झांसा देकर ठगे चौदह लाख, हाईकमीशन के पत्र से खुली पोल

Wed, 14 Nov 2018 01:55 AM IST
Updated Wed, 14 Nov 2018 01:55 AM IST
विज्ञापन
झांसा देकर ठगे चौदह लाख, हाईकमीशन के पत्र से खुली पोल
फेज-आठ के थाने में चंडीगढ़ की कंपनी के दो प्रबंधकों पर केस दर्ज
विज्ञापन

आरोपी अभी तक चल रहे हैं फरार, पुलिस कर रही है तलाश

अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली। चंडीगढ़ की एक इमीग्रेशन कंपनी पर विदेश भेजने के नाम पर चौदह लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ित की शिकायत पर थाना फेज-8 मोहाली में सेक्टर-22 स्थित इमीग्रेशन कंपनी कैरियर पॉथ-वे के प्रबंधकों अनिन्द्रपाल सिंह व अनादी के खिलाफ आईपीसी की धारा 406, 420, 120बी व पंजाब ट्रैवल प्रोफेशनल्स रेगुलेशन एक्ट 2014 की धाराओं तहत केस दर्ज कर लिया गया है। शिकायतकर्ता गुरविन्द्र सिंह ने मांग की है कि आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।

पुलिस को दी शिकायत में जिला फतेहगढ़ साहिब के गांव मोहनमाजरा निवासी गुरविन्द्र सिंह ने बताया कि उसने जर्मनी जाकर कारोबार करने का सपना देखा था। जनवरी 2016 में वह पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड में किसी काम के लिए गया था। जहां पर उसकी मुलाकात अनिंद्रपाल सिंह नाम के व्यक्ति से हो गई। अनिन्द्रपाल ने उसे विदेश भेजने के सपने दिखाए और उसे अपने चंडीगढ़ स्थित अपनी कैरियर पॉथ-वे कंपनी आफिस में बुलाया। फिर वह उनकी बातों में आकर गुरविन्द्र सिंह ने 6 लाख 90 हजार रुपये ले लिए गए। साथ ही कहा कि उसका जर्मनी में स्टडी वीजा के लिए अप्लाई कर दिया है। 6 जून 2017 को उसे कहा गया कि उसका ऑफर लैटर आ गया है और वह उसे जल्दी विदेश भेज देगा। इसी दौरान उसने अपनी कंपनी के ही एक अन्य व्यक्ति अनादी से मिलवाया और कहा कि उसकी गैरहाजिरी में अनादी उनका काम करवाएगा। कुछ दिनों बाद उन्होंने गुरविन्द्र सिंह की विदेश में पक्की एडमिशन करवाने के लिए 7 लाख रुपये और मांगे। यह पैसे उसके मामा ने मोहाली के फेज आठ के अस्पताल के पास बुला कर अनादी को दे दिए। हालांकि 26 फरवरी 2018 को उन्हें जर्मनी हाई कमीशन से एक पत्र आया। डच्च भाषा में लिखे उस पत्र के मुताबिक गुरविन्द्र का वीजा से इंकार कर दिया गया था। शिकायतकर्ता ने बताया कि उसने उक्त इमीग्रेशन कंपनी के प्रबंधक अनादी से पैसे वापिस मांगे तो बहानेबाजी करने लगा। अभी तक आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed