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मुल्लांपुर में तीस को कैंसर अस्पताल का नींव पत्थर रखेंगे पीएम : बादल
अमर उजाला, लुधियाना
Updated Mon, 23 Dec 2013 04:59 PM IST
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कैंसर एवं नशे के खात्मे के लिए सूबा सरकार अंतरराष्ट्रीय स्तर की मेडिकल सुविधाएं मुहैया कराने के लिए वचनबद्ध है। मुल्लांपुर में टाटा के सहयोग से 450 करोड़ रुपये की लागत से अल्ट्रा माडर्न सुविधाओं से लेस कैंसर अस्पताल बनाया जा रहा है।
तीस दिसंबर को प्रधानमंत्री डाक्टर मनमोहन सिंह इसका नींव पत्थर रखेंगे। इसके लिए सूबा सरकार ने पहले ही पचास एकड़ जमीन दी है। यह जानकारी मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने दी।
बादल ने कहा कि पहले चरण में यह अस्पताल सौ बेड का होगा। फिर इसका पांच सौ बेड तक विस्तार किया जाएगा। बादल रविवार को इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की ओर से आयोजित वार्षिक कांफ्रेंस के उद्घाटन समारोह में डाक्टराें को संबोधित कर रहे थे।
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सीएम ने कहा कि सरकार ने एक सर्वे कराया था, इसमें यह साफ हुआ कि अधिकतर लोग बीमारी के अंतिम चरण में पहुंचने पर ही डाक्टर के पास जाते हैं।
इस स्टेज पर गंभीर बीमारियों का इलाज करना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में सरकार एक नई टेस्टिंग नीति बना रही है। इसके तहत राज्य के नागरिकों के हर साल सारे टेस्ट कराए जाएंगे, ताकि बीमारियों का प्रथम चरण में ही पता चल जाए।
इसका रोड मैप तैयार करने के लिए 23 दिसंबर को चंडीगढ़ में उच्च स्तरीय बैठक हो रही है। इस काम के लिए बादल ने निजी डाक्टरों एवं अस्पतालों से भी सहयोग का आह्वान किया।
बादल ने कहा कि बाबा फरीद मेडिकल विश्वविद्यालय की देखरेख में बठिंडा में भी कैंसर का बड़ा अस्पताल खोला जा रहा है। यह फरवरी 2014 से कामकाज करना शुरू कर देगा। इसके अलावा नशा रोकने के लिए हर जिले में नशा मुक्ति केंद्र खोले जा रहे हैं।
संवाददाताओं से बातचीत मेें गुरबख्श सिंह खालसा की भूख हड़ताल के बारे में पूछे जाने पर बादल ने कहा कि कोई भी कैदी पंजाब से संबंधित नहीं है।
फिर भी उन्होंने संबंधित सरकारों के मुख्यमंत्रियों से बातचीत की है। वहां से सकारात्मक जवाब आया है। इस संबंध में बादल ने पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह के पारिवारिक सदस्यों के रुख का भी स्वागत किया।
बादल ने कहा कि अमन शांति बहाली के लिए राज्य ने काफी लंबा संताप झेला है। उन्होंने कहा कि किसी भी कीमत पर सूबे की अमन शांति में खलल डालने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
हालांकि असामाजिक तत्व अपनी हरकतों से बाज नहीं आते, बावजूद इसके सरकार पूरी तरह से चौकस है और ऐसी शक्तियों को कभी कामयाब नहीं होने देंगे। इस अवसर पर सीएम ने आईएमए की बुकलेट का भी विमोचन किया।
इससे पहले आईएमए पंजाब के प्रधान डा. मनोज सोबती ने डाक्टरों एवं निजी अस्पतालों की समस्याओं से सीएम को अवगत कराया।
समारोह में बेहतरीन काम करने वाले डाक्टरों को सम्मानित भी किया गया। अमृतसर के डाक्टर अमरीक सिंह अरोड़ा एवं मोगा की डा. मालती थापर को लाइफ टाइम एचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया।
होशियारपुर ने आईएमए बेस्ट ब्रांच का खिताब अपने नाम किया। इस अवसर पर महेश इंद्र सिंह गरेवाल, मेयर हरचरण सिंह गोहलवड़िया, हीरा सिंह गाबड़िया मौजूद रहे।
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तीस दिसंबर को प्रधानमंत्री डाक्टर मनमोहन सिंह इसका नींव पत्थर रखेंगे। इसके लिए सूबा सरकार ने पहले ही पचास एकड़ जमीन दी है। यह जानकारी मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने दी।
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बादल ने कहा कि पहले चरण में यह अस्पताल सौ बेड का होगा। फिर इसका पांच सौ बेड तक विस्तार किया जाएगा। बादल रविवार को इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की ओर से आयोजित वार्षिक कांफ्रेंस के उद्घाटन समारोह में डाक्टराें को संबोधित कर रहे थे।
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सीएम ने कहा कि सरकार ने एक सर्वे कराया था, इसमें यह साफ हुआ कि अधिकतर लोग बीमारी के अंतिम चरण में पहुंचने पर ही डाक्टर के पास जाते हैं।
इस स्टेज पर गंभीर बीमारियों का इलाज करना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में सरकार एक नई टेस्टिंग नीति बना रही है। इसके तहत राज्य के नागरिकों के हर साल सारे टेस्ट कराए जाएंगे, ताकि बीमारियों का प्रथम चरण में ही पता चल जाए।
इसका रोड मैप तैयार करने के लिए 23 दिसंबर को चंडीगढ़ में उच्च स्तरीय बैठक हो रही है। इस काम के लिए बादल ने निजी डाक्टरों एवं अस्पतालों से भी सहयोग का आह्वान किया।
बादल ने कहा कि बाबा फरीद मेडिकल विश्वविद्यालय की देखरेख में बठिंडा में भी कैंसर का बड़ा अस्पताल खोला जा रहा है। यह फरवरी 2014 से कामकाज करना शुरू कर देगा। इसके अलावा नशा रोकने के लिए हर जिले में नशा मुक्ति केंद्र खोले जा रहे हैं।
संवाददाताओं से बातचीत मेें गुरबख्श सिंह खालसा की भूख हड़ताल के बारे में पूछे जाने पर बादल ने कहा कि कोई भी कैदी पंजाब से संबंधित नहीं है।
फिर भी उन्होंने संबंधित सरकारों के मुख्यमंत्रियों से बातचीत की है। वहां से सकारात्मक जवाब आया है। इस संबंध में बादल ने पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह के पारिवारिक सदस्यों के रुख का भी स्वागत किया।
बादल ने कहा कि अमन शांति बहाली के लिए राज्य ने काफी लंबा संताप झेला है। उन्होंने कहा कि किसी भी कीमत पर सूबे की अमन शांति में खलल डालने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
हालांकि असामाजिक तत्व अपनी हरकतों से बाज नहीं आते, बावजूद इसके सरकार पूरी तरह से चौकस है और ऐसी शक्तियों को कभी कामयाब नहीं होने देंगे। इस अवसर पर सीएम ने आईएमए की बुकलेट का भी विमोचन किया।
इससे पहले आईएमए पंजाब के प्रधान डा. मनोज सोबती ने डाक्टरों एवं निजी अस्पतालों की समस्याओं से सीएम को अवगत कराया।
समारोह में बेहतरीन काम करने वाले डाक्टरों को सम्मानित भी किया गया। अमृतसर के डाक्टर अमरीक सिंह अरोड़ा एवं मोगा की डा. मालती थापर को लाइफ टाइम एचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया।
होशियारपुर ने आईएमए बेस्ट ब्रांच का खिताब अपने नाम किया। इस अवसर पर महेश इंद्र सिंह गरेवाल, मेयर हरचरण सिंह गोहलवड़िया, हीरा सिंह गाबड़िया मौजूद रहे।