फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Ludhiana News ›   Issewal rape case: Even after three years, the victim is waiting for justice

इस्सेवाल दुष्कर्म कांड : तीन साल बीतने के बाद भी इंसाफ के इंतजार में पीड़िता

Tue, 08 Feb 2022 04:44 PM IST
Punjab Bureau पंजाब ब्‍यूरो
Updated Tue, 08 Feb 2022 04:44 PM IST
विज्ञापन
Issewal rape case: Even after three years, the victim is waiting for justice
हलवारा। फरवरी 2019 की रात लुधियाना सहित देशभर को हिला के रख देने वाले इस्सेवाल दुष्कर्म कांड की पीड़िता और उसकी विधवा मां इंसाफ मिलने का इंतजार कर रही हैं। अब घटना को तीन साल बीत चुके हैं पर अदालत का फैसला नहीं आया। यह मुकदमा जिला अदालत की स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट मे चल रहा है। इसके बावजूद फैसला आने मे देरी हो रही है। 9 फरवरी को जज रश्मि शर्मा की स्पेशल फ़ास्ट ट्रैक अदालत मे पीड़िता के मुकदमे की सुनवाई होनी है।
विज्ञापन

क्या घटना की तारीख पर फैसला भी आएगा
पीड़िता और उसकी मां को आज फैसला आने की पूरी उम्मीद है क्योंकि तमाम गवाही और जिरह पूरी हो चुकी है। सिर्फ फैसला आना बाकी है। अपने दोस्त के साथ चॉकलेट डे सेलिब्रेट करने के लिए कार मे घूमने निकली युवती को 9 फरवरी 2019 की रात आठ बजे अगवा कर लिया गया था। लुधियाना के पॉश इलाके साउथ सिटी के समीप नहर पर मोटरसाइकिल सवार आरोपियों ने उनकी कार पर ईंट पत्थरों से हमला कर दिया था। आरोपी ने उन्हें पिस्तौल की नोक पर इस्सेवाल गांव स्थित नहर किनारे एक सुनसान प्लाट मे ले गए थे। सारी रात 6 आरोपियों ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया था। पीड़िता और उसके दोस्त को सारी रात पीटा गया। आरोपी उनसे फिरौती की मांग करते रहे। फिरौती की मांग को पूरी न होते देखकर आरोपी उन्हें वहीं छोड़कर फरार हो गए थे। 10 फरवरी 2019 को थाना दाखा मे मुकदमा दर्ज किया गया था। इस घटना की गूंज पंजाब विधानसभा में सुनाई दी थी।
विज्ञापन

पूर्व मुख्यमंत्री ने किया था चार माह में मुकदमा अंजाम तक पहुंचाने का एलान
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और तत्कालीन डीजीपी दिनकर गुप्ता ने चार महीने मे मुकदमा अंजाम तक पहुंचाने का एलान किया था। दाखा पुलिस ने चार दिन के अंदर 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। जिनमें मुख्य आरोपी जगरूप सिंह रूपी, सादिक अली, सैफ अली, सुरमु, अजय उर्फ लल्लन उर्फ ब्रिज नंदन और एक नाबालिग शामिल हैं। जिला अदालत मे कुछ दिन चलने के बाद ही मुकदमे की सुनवाई जिला अदालत की स्पेशल फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट को सौंप दी गई थी। दुष्कर्म के सनसनीखेज मामले का मुख्य आरोपी जगरूप सिंह रूप हाईकोर्ट से जमानत लेकर बाहर आजाद घूम रहा है। पांच आरोपी जेल मे ही बंद हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

क्या कहते है पीड़िता के वकील
पीड़िता के वकील एडवोकेट हरदयाल इंदर सिंह गरेवाल ने बताया कि कोरोना महामारी के चलते बीच मे कई महीने अदालत बंद रही जिसके चलते मुकदमा लंबा खिंच गया। अभी तक भी अदालत मे फिजिकल तौर पर सुनवाई शुरू नहीं हो पाई है। तीन फरवरी को नियमित जज रश्मि शर्मा के छुट्टी पर चलते एडिशनल सेशन जज (ड्यूटी) जरनैल सिंह की अदालत ने सुनवाई की थी। नियमित जज रश्मि शर्मा की स्पेशल फ़ास्ट कोर्ट मे सुनवाई होती है तो मुकदमे का फैसला आ सकता है क्योंकि तमाम गवाही और बहस संपन्न हो चुकी है। एडवोकेट गरेवाल ने कहा कि उन्हें पूर्ण उम्मीद आरोपियों को अधिकतम सजा होगी जो मिसाल बनेगी।

क्या कहती है पीड़िता
पीड़िता ने कहा कि हर साल 9 फरवरी का दिन आने से पहले ही वो खुद को कमरे मे बंद कर लेती है। उसकी मां की हालत खराब हो जाती है। डरावने सपने आते हैं अपने ही साये से डर लगता है। मै हमेशा भगवान से प्रार्थना करती हूं कि जो मेरे साथ हुआ वो किसी के साथ न हो। मैंने हिम्मत जुटाकर आरोपियों को जेल तो पहुंचा दिया पर अदालत की इस लंबी प्रक्रिया ने उसे तोड़ कर रख दिया है। हर तारीख पर लगता है कि फैसला आ जाएगा पर निराशा हाथ लगती है। मुख्य आरोपी जगरूप सिंह रूपी को जमानत मिलने के बाद से उसकी और दोस्त की जान को भी खतरा बना है। आरोपी के परिजनों द्वारा उसे उसके दोस्त और मुख्य गवाह को भी धमकाया जाता रहा है। जिस संबंधित मे थाना मॉडल टाउन लुधियाना और दाखा मे अलग से दो मुकदमे दर्ज किए गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed