फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Ludhiana News ›   जब पापा की नौकरी नही रही तो फीस कैसे भरेगें

जब पापा की नौकरी नही रही तो फीस कैसे भरेगें

Wed, 03 Jan 2018 10:49 PM IST
Updated Wed, 03 Jan 2018 10:49 PM IST
विज्ञापन
जब पापा की नौकरी नही रही तो फीस कैसे भरेगें
‘पापा को नौकरी दो और हमारे भविष्य के बारे में सोचो’
विज्ञापन

पिता कोे हक दिलाने के लिए आंदोलन में कूदे थर्मल कर्मियों के बच्चे
बोले- अगर पापा की नौकरी नहीं रहेगी तो हम आगे कैसे पढ़ाएंगे
अमर उजाला ब्यूरो
बठिंडा।
थर्मल कर्मचारियों की ओर से लगाए पक्के मोर्चे में बुधवार का उनके बच्चे भी अपने पिता को हक दिलाने के लिए आंदोलन में कूद पडे़। कड़ाके की ठंड में भी बच्चे पूरे जोर शोर के साथ ‘पापा को नौकरी दो और हमारे भविष्य के बारे में सोचो’ जैसे नारे लगाते रहे। बीते तीन दिनों से पक्के मोर्चे में दिन रात थर्मल कर्मी डटे हुए हैं। अब उन्होंने विधायक मनप्रीत बादल के खिलाफ अलग से मोर्चा खोला है। वह मोहल्लों में जागो निकालकर बादल की धोखाधड़ी के बारे में लोगों को जागरूक कर रहे हैं।
धरने में शामिल होने पहुंची चार वर्षीय नन्हीं मुस्कान ने सरकार से मांग की कि मेरे पापा की नौकरी मत छीनों, अगर पापा की नौकरी नहीं रहेगी तो मुझे आगे कैसे पढ़ाएंगे। नेहा (12) ने कहा कि वैसे तो प्रधानमंत्री लोगों को बेटी पढ़ाने की अपील कर रहे हैं, लेकिन दूसरी ओर पंजाब सरकार है, जो बेेटियों के पिता की नौकरी छीन रही है। इससे बेटियों के भविष्य में अंधेरा भर रहा है। बच्चीं ने कहा कि जब पापा की नौकरी नहीं रहेगी तो उसकी फीस कैसे भरी जाएगी।
विज्ञापन

हरजोत सिंह (10) ने कहा कि वह पढ़ लिखकर बड़ा अफसर बनना चाहता है, लेकिन अब सरकार ने उसके पापा की नौकरी छीनकर उसके सपनों को चकनाचूर कर दिया है। उसने कहा कि वह तब तक स्कूल नहीं जाएगा जब तक उसके पापा को सरकार रोजगार नहीं देगी। चौथी कक्षा में पढ़ने वाले मोहित ने तो अपने स्कूल से छुट्टी ही ले ली है। उसका कहना है कि उसे अपने पापा का साथ देना है। मोहित ने कहा कि सरकार उस जैसे सैकड़ों बच्चों का भविष्य अंधेरे में न धकेले।
विज्ञापन
विज्ञापन

खुशी (13) ने कहा कि उसके घर में अकेले पापा ही कमाने वाले थे, लेकिन अब सरकार ने उसके पापा की नौकरी छीनकर उन्हें बेरोजगार कर सड़क पर लाकर खड़ा कर दिया है। इन बच्चों के अलावा रोहन, करन, रोहित, राहुल, अर्शदीप, धर्मवीर, पायल, मनप्रीत, जशन और पराशुं समेत करीब 50 बच्चें अपने पिता की नौकरी दिलाने के लिए आंदोलन में दिन रात अपने पिता का साथ दे रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed