{"_id":"5a977747ca18157b32a40271612d3cdc","slug":"deputy-cm-are-going-to-show-the-black-flag-congressman-arrested-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डिप्टी सीएम को काले झंडे दिखाने जा रहे कांग्रेसी गिरफ्तार","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
डिप्टी सीएम को काले झंडे दिखाने जा रहे कांग्रेसी गिरफ्तार
ब्यूरो/अमर उजाला, नवांशहर
Updated Thu, 19 Nov 2015 09:52 PM IST
विज्ञापन
जिला पुलिस ने वीरवार को कांग्रेसी विधायक गुर इकबाल कौर बबली को हिरासत में ले लिया।
बबली और उनके समर्थक वीरवार को डिप्टी सीएम को काली झंडियां दिखाने की कोशिश कर रहे थे। पुलिस ने उन्हें रोककर गिरफ्तार कर लिया।
जिला पुलिस विधायक बबली, नगर काउंसिल प्रधान ललित मोहन पाठक, पूर्व जिला प्रधान कुलदीप राणा, यूथ कांग्रेसी नेता अंगद सिंह की अगुवाई में करीब 100 पार्टी नेताओं और वर्करों को दो बसों में भरकर जाडला पुलिस चौकी ले गई। देर शाम सुखबीर बादल का कार्यक्रम संपन्न होने के बाद उन्हें छोड़ा गया।
पुलिस की ओर से गिरफ्तार किए जाने पर विधायक बबली व अंगद सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार पुलिस के दम पर अगर विधायकों की आवाज दबा सकती है तो आम जनता का क्या हाल होगा यह किसी से छिपा नहीं है।
उन्होंने कहा कि वह सुखबीर बादल से हलके की समस्याओं को लेकर मिलना चाहते थे और सुखबीर के झूठे बयानों को बताना चाहते थे लेकिन पुलिस ने उनकी आवाज दबाने की कोशिश की।
विज्ञापन
अकाली दल ने नौ वर्ष में लोगों की आवाज दबाकर अत्याचार ही किया है। 2017 में अकाली दल से लोग इसका बदला ले लेंगे।
विज्ञापन
बबली और उनके समर्थक वीरवार को डिप्टी सीएम को काली झंडियां दिखाने की कोशिश कर रहे थे। पुलिस ने उन्हें रोककर गिरफ्तार कर लिया।
जिला पुलिस विधायक बबली, नगर काउंसिल प्रधान ललित मोहन पाठक, पूर्व जिला प्रधान कुलदीप राणा, यूथ कांग्रेसी नेता अंगद सिंह की अगुवाई में करीब 100 पार्टी नेताओं और वर्करों को दो बसों में भरकर जाडला पुलिस चौकी ले गई। देर शाम सुखबीर बादल का कार्यक्रम संपन्न होने के बाद उन्हें छोड़ा गया।
पुलिस की ओर से गिरफ्तार किए जाने पर विधायक बबली व अंगद सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार पुलिस के दम पर अगर विधायकों की आवाज दबा सकती है तो आम जनता का क्या हाल होगा यह किसी से छिपा नहीं है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि वह सुखबीर बादल से हलके की समस्याओं को लेकर मिलना चाहते थे और सुखबीर के झूठे बयानों को बताना चाहते थे लेकिन पुलिस ने उनकी आवाज दबाने की कोशिश की।
विज्ञापन
अकाली दल ने नौ वर्ष में लोगों की आवाज दबाकर अत्याचार ही किया है। 2017 में अकाली दल से लोग इसका बदला ले लेंगे।