फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Jalandhar News ›   हरिके पतन में दूषित पानी की मात्रा बढ़ी

हरिके पतन में दूषित पानी की मात्रा बढ़ी

Mon, 04 Feb 2019 10:07 PM IST
Panchkula bureau Panchkula bureau
Updated Mon, 04 Feb 2019 10:07 PM IST
विज्ञापन
हरिके पतन में दूषित पानी की मात्रा बढ़ी
हरिके पत्तन में दूषित पानी की मात्रा बढ़ी
विज्ञापन

निगरान कमेटी के सदस्य संत सीचेवाल ने किया दौरा, पीपीसीबी ने सैंपल भरे
अमर उजाला ब्यूरो
कपूरथला। ब्यास दरिया का पानी रोके जाने से हरिके पत्तन में सतलुज दरिया में दूषित पानी की मात्रा काफ़ी बढ़ गई है। पत्तन से मालवा और राजस्थान को जातीं नहरों में भी सबसे अधिक दूषित पानी मिल रहा है। स्थिति का जायजा लेने के लिए वातावरण प्रेमी और एनजीटी की तरफ से गठित कमेटी के सदस्य संत बलबीर सिंह सीचेवाल विशेष तौर पर हरिके पत्तन पहुंचे। इस दौरान पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड (पीपीसीबी) की तरफ से दूषित पानी के सैंपल भी भरे गए।

संत सीचेवाल ने हरीके पत्तन में दूषित पानी की मात्रा बढ़ने पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि पूरा विश्व कैंसर दिवस मना रहा है। दूसरी तरफ सतलुज के जहरीले पानी से पहले ही मालवे और राजस्थान के लोग कैंसर से पीड़ित हो रहे हैं। हरिके पत्तन में सतलुज दरिया के आ रहे दूषित पानी से बड़े स्तर पर झाग पैदा हो रही थी और पानी से बदबू आ रही है। एनजीटी की तरफ से इसीलिए संरक्षण कमेटी का गठन किया गया था। इससे पंजाब के दरियाओं के प्रदूषण को रोका जा सके। इसकी रिपोर्ट एनजीटी को सौंपे जाने के बाद ही प्रदेश सरकार को 50 करोड़ का जुर्माना भी किया गया था। उन्होंने कहा कि जुर्माना कोई हल नहीं, यह लोगों के जीवन से जुड़ा हुआ मसला है। सतलुज दरिया, काला संघिया से ड्रेन और बुड्ढे नाले के के किनारे बसने वाले लोग कैंसर से मर रहे हैं। ब्यास दरिया में भी चड्ढा शुगर मिल का शीरा घुलने से पहले जलचर जीवों का बड़े स्तर पर नुकसान हो चुका है। पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के एसडीओ जगरूप सिंह ने हरिके पत्तन से पानी के सैंपल भरे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed