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उत्तराखंड से पंजाब तक अवैध दवाओं का कारोबार: केमिस्ट शॉप पर सरकारी दवा की सप्लाई, प्लांट हेड समेत छह गिरफ्तार
Thu, 31 Jul 2025 03:09 PM IST
अंकेश ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: अंकेश ठाकुर
Updated Thu, 31 Jul 2025 03:09 PM IST
सार
अवैध फार्मा ओपिओइड्स नेटवर्क पर पंजाब पुलिस ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। अमृतसर पुलिस कमिश्नरेट ने नशीले कैप्सूल की अवैध सप्लाई चेन का भंडाफोड़ करते हुए इसे उत्तराखंड के हरिद्वार स्थित एक दवा निर्माण इकाई तक ट्रेस किया है।
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पकड़ी गई सरकारी दवाओं की खेप।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
पंजाब में अवैध दवाइयों की सप्लाई को लेकर पुलिस ने सप्लाई नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पंजाब पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अवैध फार्मा ओपिओइड सप्लाई नेटवर्क के 6 शातिरों को दबोचा है। मामूली मात्रा में 35 टैबलेट्स ट्रामाडोल की बरामदगी से शुरू हुई जांच ने एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया, जिसकी जड़ें उत्तराखंड के हरिद्वार में स्थित एक निर्माण इकाई तक पहुंचीं।
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जांच के दौरान हुए खुलासों और छापेमारी के आधार पर 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें केमिस्ट, डिस्ट्रीब्यूटर और लूसेंट बायोटेक लिमिटेड के प्लांट हेड शामिल हैं। रेड के दौरान पुलिस ने
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70,000 से अधिक ट्रामाडोल टैबलेट्स, 7.65 लाख की ड्रग मनी और 325 किलो ट्रामाडोल का कच्चा माल बरामद किया।
पुलिस ने बताया कि जब्त की गई दवाओं की स्ट्रिप्स पर गवर्मेंट सप्लाई नॉट फॉर सेल लिखा था, जिससे यह संकेत मिलता है कि यह स्टॉक सरकारी आपूर्ति से अवैध रूप से डायवर्ट किया गया था।
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जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ प्रमुख फार्मा यूनिट्स औषधि मानकों का उल्लंघन कर रही थीं। ऐसे कई इकाइयों को सील कर दिया गया है और उनके रिकॉर्ड की गहन जांच जारी है।
पुलिस की यह कार्रवाई ड्रग माफिया के खिलाफ एक बड़ी सफलता मानी जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि पूरे नेटवर्क के तार और भी राज्यों से जुड़े हो सकते हैं, जिसकी जांच अभी जारी है।