{"_id":"623f24dfc0989f4c2b2ed616","slug":"india-released-three-pakistani-prisoners-via-attari-wagah-border","type":"story","status":"publish","title_hn":"अमृतसर: भारत ने तीन पाकिस्तानी कैदियों को किया रिहा, भारतीय से निकाह करने वाली महिला भी मुक्त, जेल में बच्ची को दिया था जन्म","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
अमृतसर: भारत ने तीन पाकिस्तानी कैदियों को किया रिहा, भारतीय से निकाह करने वाली महिला भी मुक्त, जेल में बच्ची को दिया था जन्म
Sat, 26 Mar 2022 08:10 PM IST
ajay kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Sat, 26 Mar 2022 08:10 PM IST
सार
पाकिस्तान के दो अन्य नागरिक अहमद राजा और मुरतजा अगजर अली को भी गैर-कानूनी तौर पर भारत आने पर गिरफ्तार किया गया था। समीरा समेत तीनों पाक बंदियों की सजा पूरी होने के बाद भारत सरकार ने इन्हें रिहा कर दिया।
विज्ञापन
अटारी-वाघा बॉर्डर
- फोटो : फाइल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारत ने एक महिला कैदी सहित तीन पाकिस्तानी कैदियों को शनिवार को रिहा कर दिया। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के अधिकारियों ने भारत-पाक सीमा अटारी जीरो लाइन पर इन पाकिस्तानी बंदियों व एक बच्ची को पाक रेंजर्स को सुपुर्द कर दिया। तीनों को गैर-कानूनी तौर पर भारत आने पर गिरफ्तार किया गया था। इनमें शामिल महिला ने एक भारतीय से निकाह किया था। उसने जेल में ही एक बच्ची को जन्म दिया था, जो अब चार साल की हो गई है। सभी को शनिवार को पाकिस्तान रवाना किया गया।
विज्ञापन
ज्वाइंट चेक पोस्ट अटारी पर तैनात पंजाब पुलिस देहात के प्रोटोकाल अधिकारी अरुण पाल ने बताया कि पाकिस्तान की समीरा अब्दुल रहमान नामक महिला को 2017 में गैर-कानूनी तौर पर भारत में रहने पर गिरफ्तार किया गया था। इससे पहले पाकिस्तानी महिला ने भारत में एक व्यक्ति से निकाह कर लिया था और बंगलूरू में पति के साथ रह रही थी। वहीं से ही पुलिस ने उसे जून 2017 में गिरफ्तार कर पासपोर्ट एक्ट के तहत केस दर्ज किया था।
विज्ञापन
अदालत ने उसे साढ़े तीन साल की सजा सुनाई थी और समीरा ने जेल में रहते एक बच्ची को जन्म दिया, जिसका नाम सना फातिमा रखा है। भारत सरकार की तरफ से 2018 में समीरा को काउंसलर एक्सेस मिला। भारत सरकार ने अगस्त 2021 में और इसके बाद सितंबर में पाकिस्तान सरकार से उसकी अपने नागरिक के तौर पर पुष्टि करने को कहा था। दूसरी बार समीरा के लिए काउंसलर एक्सेस मिलने के बाद 17 फरवरी 2022 को पाकिस्तान सरकार ने समीरा को अपना नागरिक होने की पुष्टि की थी, जिसके बाद भारत सरकार ने उसे रिहा करने का फैसला किया।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि समीरा के अलावा पाकिस्तान के दो अन्य नागरिक अहमद राजा और मुरतजा अगजर अली को भी गैर-कानूनी तौर पर भारत आने पर गिरफ्तार किया गया था। समीरा समेत तीनों पाक बंदियों की सजा पूरी होने के बाद भारत सरकार ने इन्हें रिहा कर दिया। जेल से रिहाई के बाद पाकिस्तान रवाना होने से पहले पाक बंदी अहमद राजा ने भारत सरकार का धन्यवाद किया। वह अब दोबारा कभी बिना पासपोर्ट भारत नहीं आएगा। उसे बिना पासपोर्ट के यहां गिरफ्तार किया गया था और वह 21 माह की सजा पूरी करने के बाद अब अपने वतन लौट रहा है।