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-गांव अखवाना में पुलिस और गांववासियों की झड़प का मामला
Updated Thu, 09 Aug 2018 10:20 PM IST
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अखवाना के लोगों ने नायब तहसीलदार को सौंपा माफीनामा
पुलिस और ग्रामीणों में झड़प का मामला, अनजाने में हुई गलती बता केस रद्द करने की मांग
लोग बोले पुलिस की तैनाती से गांव में दहशत का माहौल, 200 लोगों पर दर्ज हुआ है केस
अमर उजाला ब्यूरो
पठानकोट। अखवाना में शहीदी गेट व रास्ते को लेकर ग्रामीणों की ओर से पेप्सिको कंपनी के खिलाफ किया जा रहा संघर्ष डेढ़ महीने के धरने, लाठीचार्ज, पथराव और पुलिस केस के बाद वीरवार को माफीनामे के साथ खत्म हो गया। वीरवार को पुलिस की मौजूदगी में तहसीलदार लक्ष्मण सिंह को लोगों ने लिखित में माफी नामा सौंपा और सारे घटनाक्रम को अनजाने में की गई गलती बताते हुए दर्ज केस वापस लेने की मांग की। बता दें कि झड़प के बाद पुलिस ने गांव के 200 लोगों पर मामला दर्ज किया था। इस दौरान डीएसपी कुलदीप सिंह, थाना प्रभारी कुलदीप सिंह, थाना प्रभारी जसबीर सिंह समेत भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। लोगों ने कहा कि गांव के चप्पे चप्पे पर पुलिस तैनात होने से बच्चे घबरा रहे हैं, गांव में दहशत का माहौल है। वहीं नायब तहसीलदार ने कहा कि लोग शांति बनाए रखें, हिंसा किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने केस वापस लेने के संबंध में कहा कि वह इस मामले में एसएसपी से बात करेंगे। बता दें, इंडस्ट्रियल ग्रोथ सेंटर में पेप्सिको कंपनी की ओर से लगाए जा रहे प्लांट के अधीन आते गांव के रास्ते व शहीद मंजीत सिंह स्मारक गेट को बचाने के लिए शहीद के परिवार और अखवाना वासियों द्वारा धरना लगाया गया था। इसी धरने के दौरान जहां एक तरफ सरपंच पर कंपनी से पैसे मांगने के आरोप भी लगे तो वहीं मामले ने उस समय तूल पकड़ लिया जब लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया था।
फोटो:-3-नायब तहसीलदार को माफी नामा सौंपते गांव अखवाना के लोग।
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पुलिस और ग्रामीणों में झड़प का मामला, अनजाने में हुई गलती बता केस रद्द करने की मांग
लोग बोले पुलिस की तैनाती से गांव में दहशत का माहौल, 200 लोगों पर दर्ज हुआ है केस
अमर उजाला ब्यूरो
पठानकोट। अखवाना में शहीदी गेट व रास्ते को लेकर ग्रामीणों की ओर से पेप्सिको कंपनी के खिलाफ किया जा रहा संघर्ष डेढ़ महीने के धरने, लाठीचार्ज, पथराव और पुलिस केस के बाद वीरवार को माफीनामे के साथ खत्म हो गया। वीरवार को पुलिस की मौजूदगी में तहसीलदार लक्ष्मण सिंह को लोगों ने लिखित में माफी नामा सौंपा और सारे घटनाक्रम को अनजाने में की गई गलती बताते हुए दर्ज केस वापस लेने की मांग की। बता दें कि झड़प के बाद पुलिस ने गांव के 200 लोगों पर मामला दर्ज किया था। इस दौरान डीएसपी कुलदीप सिंह, थाना प्रभारी कुलदीप सिंह, थाना प्रभारी जसबीर सिंह समेत भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। लोगों ने कहा कि गांव के चप्पे चप्पे पर पुलिस तैनात होने से बच्चे घबरा रहे हैं, गांव में दहशत का माहौल है। वहीं नायब तहसीलदार ने कहा कि लोग शांति बनाए रखें, हिंसा किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने केस वापस लेने के संबंध में कहा कि वह इस मामले में एसएसपी से बात करेंगे। बता दें, इंडस्ट्रियल ग्रोथ सेंटर में पेप्सिको कंपनी की ओर से लगाए जा रहे प्लांट के अधीन आते गांव के रास्ते व शहीद मंजीत सिंह स्मारक गेट को बचाने के लिए शहीद के परिवार और अखवाना वासियों द्वारा धरना लगाया गया था। इसी धरने के दौरान जहां एक तरफ सरपंच पर कंपनी से पैसे मांगने के आरोप भी लगे तो वहीं मामले ने उस समय तूल पकड़ लिया जब लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया था।
फोटो:-3-नायब तहसीलदार को माफी नामा सौंपते गांव अखवाना के लोग।