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थाना सिटी में तैनात एएसआई चालिस हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार
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विजिलेंस ब्यूरो अमृतसर की टीम ने थाना सिटी में तैनात एक एएसआई रजिंदर कुमार को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस संबंधी एक अन्य एएसआई कुलदीप सिंह के खिलाफ भी पीसी एक्ट के तहत मामला विजिलेेंस ने दर्ज किया है।
जागला पठानकोट निवासी इंदरजीत राय की शिकायत पर विभाग ने मामला दर्ज किया है। इंद्रजीत राय ने आरोप लगाए कि धोखाधड़ी तथा एक्साइज एक्ट के तहत एक केस की जांच एएसआई कुलदीप सिंह कर रहे थे। कुलदीप सिंह ट्रेनिंग के चलते फिल्लौर चले गए औरजांच एएसआई रजिंदर कुमार को दे दी गई। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि 20 अक्तूबर 2019 को राजिंदर कुमार उनकी दुकान पर आए। वह दुकान पर मौजूद नही थे। रजिंदर कुमार ने उनके मोबाइल पर फोन कर बताया कि बेटे स्वतंत्र राय का नाम जांच में आ रहा है और मिलने के लिए कहा। उन्होंने 21 अक्तूबर को राजिंदर कुमार ने महिंदरा पैलेस गुरदासपुर के सामने बुलाया। वह वहां पहुंचा तथा थोड़ी देर बाद रजिंदर कुमार व एएसआई कुलदीप सिंह एल्टो कार पर आए और कार में बैठने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि तुम्हारे तथा बेटे स्वतंत्र राए के खिलाफ बहुत केस है तथा इस केस से निकालने के लिए 50 हजार रुपयेए की मांग की।
शिकायतकर्ता ने बताया कि उसने कई बार कहा कि गलत केस में फंसाया गया है, वह बेगुनाह है। उस दिन वह कोई करार किए बिना वापस आ गया । अगले दिन 22 अक्तूबर को उसने एएसआई कुलदीप सिंह के फोन पर बात की और बात 40 हजार रुपये में एएसआई राजिंदर कुमार को देने की बात हुई। तय हुआ कि उसके बेटे का नाम मामले से निकाल दिया जाएगा। इसके बाद विजिलेंस के डीएसपी तेजिंदर पाल सिंह ने इस संबंधी तत्काल हरकत में रहते हुए आरोपी से रंगे हाथों 40 हजार रुपये बरामद कर दो सरकारी गवाहों के सामने मामला दर्ज किया।
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जागला पठानकोट निवासी इंदरजीत राय की शिकायत पर विभाग ने मामला दर्ज किया है। इंद्रजीत राय ने आरोप लगाए कि धोखाधड़ी तथा एक्साइज एक्ट के तहत एक केस की जांच एएसआई कुलदीप सिंह कर रहे थे। कुलदीप सिंह ट्रेनिंग के चलते फिल्लौर चले गए औरजांच एएसआई रजिंदर कुमार को दे दी गई। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि 20 अक्तूबर 2019 को राजिंदर कुमार उनकी दुकान पर आए। वह दुकान पर मौजूद नही थे। रजिंदर कुमार ने उनके मोबाइल पर फोन कर बताया कि बेटे स्वतंत्र राय का नाम जांच में आ रहा है और मिलने के लिए कहा। उन्होंने 21 अक्तूबर को राजिंदर कुमार ने महिंदरा पैलेस गुरदासपुर के सामने बुलाया। वह वहां पहुंचा तथा थोड़ी देर बाद रजिंदर कुमार व एएसआई कुलदीप सिंह एल्टो कार पर आए और कार में बैठने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि तुम्हारे तथा बेटे स्वतंत्र राए के खिलाफ बहुत केस है तथा इस केस से निकालने के लिए 50 हजार रुपयेए की मांग की।
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शिकायतकर्ता ने बताया कि उसने कई बार कहा कि गलत केस में फंसाया गया है, वह बेगुनाह है। उस दिन वह कोई करार किए बिना वापस आ गया । अगले दिन 22 अक्तूबर को उसने एएसआई कुलदीप सिंह के फोन पर बात की और बात 40 हजार रुपये में एएसआई राजिंदर कुमार को देने की बात हुई। तय हुआ कि उसके बेटे का नाम मामले से निकाल दिया जाएगा। इसके बाद विजिलेंस के डीएसपी तेजिंदर पाल सिंह ने इस संबंधी तत्काल हरकत में रहते हुए आरोपी से रंगे हाथों 40 हजार रुपये बरामद कर दो सरकारी गवाहों के सामने मामला दर्ज किया।
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