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रेत-बजरी घोटाले पर जवाब दें जाखड़-सिद्धू :- कालिया
Updated Wed, 09 Aug 2017 11:11 PM IST
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रेत-बजरी घोटाले पर जवाब दें जाखड़ और सिद्धू : कालिया
पठानकोट। गुरदासपुर लोकसभा उपचुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी के हलका पठानकोट के चुनाव इंचार्ज मनोरजंन कालिया और अनिल सरीन ने बुधवार को एक होटल में बैठक की। मीटिंग में दिवंगत सांसद विनोद खन्ना की पत्नी कविता खन्ना ने भी शिरकत की। मीटिंग में चुनाव इंचार्जों ने स्थानीय नेताओं और वर्करों को उपचुनाव के लिए एकजुट होने को कहा। इस दौरान भाजपा ने सूबे की कांग्रेस सरकार पर भी हल्ला बोला।
पूर्व मंत्री मनोरजंन कालिया ने कहा कि पिछली अकाली-भाजपा सरकार के कार्यकाल के दौरान नवजोत सिंह सिद्धू और सुनील जाखड़ रेत-बजरी का मुद्दा उछालते रहे हैं। अब कांग्रेस के कार्यकाल में जब कांग्रेस के मंत्रियों के नाम रेत-बजरी घोटाले में सामने आ रहे हैं तो इस पर सिद्धू और जाखड़ चुप क्यों हैं। जाखड़ और सिद्धू को जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि चार महीने के कार्यकाल में ही जनता कांग्रेस सरकार से ऊब गई है। कांग्रेस ने चुनावों के दौरान किए गए वादों में से एक पूरा नहीं किया है।
उन्होनें कहा कि कांग्रेस ने नशा खत्म करने की कसम खाई थी। सरकार बनने पर भी कांग्रेस नशा खत्म नहीं कर पाई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सूबे के नौजवानों को नौकरी देने का झूठा वायदा किया था। न तो किसी को नौकरी मिली है और न ही नशा खत्म हो पाया है। उन्होंने कहा कि कैप्टन सरकार के कर्ज माफी के ऐलान के बाद सूबे में किसानों की आत्महत्याओं के मामले बढ़ गए हैं। बिजली की निर्विघ्न सप्लाई भी सरकार नहीं दे पा रही है। लोग इससे परेशान हैं। कैप्टन सरकार ने ट्रक यूनियनें खत्म करके गलत काम किया है।
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गुरदासपुर उपचुनाव में पार्टी टिकट के सवाल पर मनोरजंन कालिया ने कहा कि यह काम हाईकमान का है। हाईकमान जिसे भी टिकट देगा, पूरी पार्टी उसके साथ चलेगी। उन्होंने कहा कि वर्करों का एकजुट होना बहुत जरूरी है। वर्करों की एकजुटता ही जीत सुनिश्चित करेगी। इस मौके पर जिला भाजपा प्रधान अनिल रामपाल, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य सतीश महाजन, पूर्व मंत्री मास्टर मोहन लाल, राकेश शर्मा, पवन शर्मा, नगर सुधार ट्रस्ट के पूर्व चेयरमैन जतिंद्र देव शर्मा, मंजू गुप्ता मौजूद थीं।
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पठानकोट। गुरदासपुर लोकसभा उपचुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी के हलका पठानकोट के चुनाव इंचार्ज मनोरजंन कालिया और अनिल सरीन ने बुधवार को एक होटल में बैठक की। मीटिंग में दिवंगत सांसद विनोद खन्ना की पत्नी कविता खन्ना ने भी शिरकत की। मीटिंग में चुनाव इंचार्जों ने स्थानीय नेताओं और वर्करों को उपचुनाव के लिए एकजुट होने को कहा। इस दौरान भाजपा ने सूबे की कांग्रेस सरकार पर भी हल्ला बोला।
पूर्व मंत्री मनोरजंन कालिया ने कहा कि पिछली अकाली-भाजपा सरकार के कार्यकाल के दौरान नवजोत सिंह सिद्धू और सुनील जाखड़ रेत-बजरी का मुद्दा उछालते रहे हैं। अब कांग्रेस के कार्यकाल में जब कांग्रेस के मंत्रियों के नाम रेत-बजरी घोटाले में सामने आ रहे हैं तो इस पर सिद्धू और जाखड़ चुप क्यों हैं। जाखड़ और सिद्धू को जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि चार महीने के कार्यकाल में ही जनता कांग्रेस सरकार से ऊब गई है। कांग्रेस ने चुनावों के दौरान किए गए वादों में से एक पूरा नहीं किया है।
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उन्होनें कहा कि कांग्रेस ने नशा खत्म करने की कसम खाई थी। सरकार बनने पर भी कांग्रेस नशा खत्म नहीं कर पाई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सूबे के नौजवानों को नौकरी देने का झूठा वायदा किया था। न तो किसी को नौकरी मिली है और न ही नशा खत्म हो पाया है। उन्होंने कहा कि कैप्टन सरकार के कर्ज माफी के ऐलान के बाद सूबे में किसानों की आत्महत्याओं के मामले बढ़ गए हैं। बिजली की निर्विघ्न सप्लाई भी सरकार नहीं दे पा रही है। लोग इससे परेशान हैं। कैप्टन सरकार ने ट्रक यूनियनें खत्म करके गलत काम किया है।
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गुरदासपुर उपचुनाव में पार्टी टिकट के सवाल पर मनोरजंन कालिया ने कहा कि यह काम हाईकमान का है। हाईकमान जिसे भी टिकट देगा, पूरी पार्टी उसके साथ चलेगी। उन्होंने कहा कि वर्करों का एकजुट होना बहुत जरूरी है। वर्करों की एकजुटता ही जीत सुनिश्चित करेगी। इस मौके पर जिला भाजपा प्रधान अनिल रामपाल, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य सतीश महाजन, पूर्व मंत्री मास्टर मोहन लाल, राकेश शर्मा, पवन शर्मा, नगर सुधार ट्रस्ट के पूर्व चेयरमैन जतिंद्र देव शर्मा, मंजू गुप्ता मौजूद थीं।