वाराणसी शहर के बुनियादी विकास के लिए बनकर तैयार कई परियोजनाएं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकार्पण के साथ ही सोमवार को आमजन के लिए समर्पित हो जगं। रिंगरोड के साथ ही तीन पार्किंग स्थलों की सौगात मिली। इससे न सिर्फ वाहनों को खड़ा करने की व्यवस्थित जगह मिलेगी बल्कि लगने वाले जाम से भी निजात मिलेगी। इसके अलावा बायोगैस प्लांट, रामनगर में सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, वरुणा नदी पर कोनिया के पास पुल और कालिकाधाम पुल भी आवागमन के लिए खोल दिया गया।
काशी में बुनियादी सुविधाओं पर्यटन, कृषि से जुड़ी तकरीबन 28 परियोजनाओं की सौगात सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों लोकार्पित होने के बाद आमजन के लिए समर्पित हो गईं। परियोजना स्थल पर दिनभर साफ-सफाई का काम चलता रहा और उसे फूल मालाओं और रंग बिरंगे गुब्बारों से सजाया गया। चांदपुर औद्योगिक क्षेत्र में पुराने जीटी रोड के पास भव्य गेट बनाया गया।
वहीं कचहरी के पास वरुणा नदी के किनारे बने ढलान पर गेट बनाकर फूल माला से सजाया गया। इसी तरह कोईराजपुर हरहुआ के पास रिंग रोड पर भी सजाया गया। इसी तरह शहंशाहपुर, कोनिया पुल, कालिकाधाम, गोदौलिया से दशाश्वमेध घाट तक सजाया गया। लहुराबीर से लेकर मैदागिन गौदालिया तक तिरंगी स्पाइरल लाइटें लगाई गई।
रिंग रोड तैयार, फर्राटा भरेंगे वाहन
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रिंग रोड, वाराणसी
- फोटो : अमर उजाला
कोईराजपुर (हरहुआ) से राजातालाब तक दूसरे फेज में 17 किमी तक रिंग रोड का काम पूरा हो गया। प्रयागराज हाईवे के राजातालाब से हरहुआ, चिरईगांव से होते हुए गंगापार चंदौली के लौंदा झांसी तक तकरीबन 58 किमी लंबी रिंग रोड का निर्माण होना है। इसमें पहले फेज में संदहा (चिरईगांव) से कोईराजपुर (हरहुआ) तक तकरीबन 16 किमी लंबे मार्ग का काम पूरा हो चुका है और इस पर वाहन फर्राटे भर रहे हैं।
बाकी तीसरे चरण में संदहा (चिरईगांव) से चंदौली के लौंदा झांसी तक रिंग रोड का काम तेजी से चल रहा है। यह रिंग रोड राजातालाब में कोलकाता से दिल्ली तक जाने वाले नेशनल हाईवे, हरहुआ में वाराणसी-लखनऊ नेशनल हाईवे, लमही के आगे पांडेयपुर मार्ग पर वाराणसी-आजमगढ़ नेशनल हाईवे और चिरईगांव में वाराणसी-गोरखपुर नेशनल हाईवे को जोड़ेगा।
वाराणसी से गोरखपुर फोरलेन हाईवे पैकेज दो का लोकार्पण
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वाराणसी
- फोटो : अमर उजाला
वाराणसी से गोरखपुर तक बन रहे फोरलेन हाईवे का पैकेज दो बनने के बाद सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसकी भी सौगात दी। इसके बन जाने से वाराणसी से गोरखपुर आने-जाने वालों को सहूलियत मिलेगी। यह हाईवे रिंगरोड से जुड़ा है। इससे वाराणसी सहित आसपास के जिले के लोगों को भी आवागमन की सुविधा मिलेगी। इस पर करीब 72.15 किमी लंबे इस मार्ग पर जमीन अधिग्रहण से लेकर सड़क और पुल निर्माण पर 3509 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
बेनियाबाग, टाउनहाल, सर्किट हाउस में मिलेगी पार्किंग की सुविधा
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टाउन हॉल पार्किंग
- फोटो : अमर उजाला
शहर के बेनियाबाग, टाउनहॉल मैदान और सर्किट हाउस परिसर में बनने वाली भूमिगत पार्किंग की सौगात सोमवार को मिल गई। इससे शहर में लगने वाले जाम से निजात मिलेगी और लोगों को आवागमन में सुविधा होगी। तीनों जगह कुल मिलाकर 712 चारपहिया और 438 दोपहिया वाहन खड़ा हो सकेंगे।
बेनियाबाग में 470 चारपहिया और 130 दोपहिया वाहनों के खड़ा करने की सुविधा होगी। वहीं टाउनहॉल में 230 दोपहिया और 130 चारपहिया के अलावा सर्किट हाउस में 112 चारपहिया और 178 दोपहिया वाहन खड़ा हो सकेंगे। इस महीने इन तीनों भूमिगत पार्किंग की सौगात मिलने से शहर में लगने वाले जाम में कमी आएगी।
कोनिया और कालिकाधाम पुल के रास्ते शहर से जुड़ जाएंगे गांव
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वरुणा नदी पर बना कोनिया पुल
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वरुणा नदी पर बने कोनिया पुल से कई गांव सीधे शहर से जुड़ जाएंगे। इस पुल के रास्ते दीनापुर, जाल्हूपुर, शंकरपुर, सलारपुर सहित दो दर्जन गांव के लोगों को आने जाने में सहूलियत होगी। लोगों को अब चिरईगांव से आशापुर या पंचक्रोशी के रास्ते होकर शहर में आने के लिए अधिक चक्कर नहीं लगाने होंगे।
बाबतपुर-कपसेठी-भदोही मार्ग पर कालिकाधाम के पास बने फ्लाईओवर से वाराणसी सहित आसपास के कई जिलों का आवागमन सुलभ हो जाएगा। इससे भदोही, जौनपुर के लिए लोग आसानी से आ जा सकेंगे। पुल न होने से यहां काफी लंबा जाम लगता था और दुर्घटना की आशंका बनी रहती थी।