जीवनदायिनी मानी जाने वाली गंगा का जलस्तर बढ़ने का सिलसिला बरकरार है। वाराणसी, चंदौली, बलिया, गाजीपुर, चंदौली में जलस्तर लाल निशान पार है तो मिर्जापुर, भदोही में चेतावनी बिंद्रु पार कर गया। बलिया में गंगा उच्चतम बाढ़ बिंदु के नजदीक पहुंच गई हैं। पूर्वांचल के सैकड़ों गांव बाढ़ में का असर है। बाढ़ से बचने के लिए लोग खुद अपना घर उजाड़कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने की जंग लड़ रहे हैं। गंगा का रौद्र रूप देखकर किनारे बसे लोग दहशत में जी रहे हैं। अगले 24 घंटे तक अगर गंगा का यही तेवर बना रहा तो कई और इलाके में भी पानी तबाही की कहानी लिखने लगेगा।
वाराणसी में गंगा लाल निशान से 33 सेंटीमीटर ऊपर बह रही हैं। गंगा के रौद्र रूप के कारण वरुणा और असि में पलट प्रवाह से आम जनजीवन पूरी तरह से अस्तव्यस्त हो गया है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार शनिवार को भोर में गंगा के जलस्तर के बढ़ाव में कमी आई। गंगा का जलस्तर सुबह से एक सेंटीमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है।
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वाराणसी में गंगा का रौद्र रूप
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वाराणसी में पानी का प्रसार शहरी आबादी व बस्तियों में होने लगा है। 15 हजार से अधिक की आबादी बाढ़ से प्रभावित है। गंगा के तटवर्ती इलाकों में पांच एकड़ फसलें जलमग्न हो चुकी हैं। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार शाम को सात बजे गंगा का जलस्तर 71.59 मीटर दर्ज किया गया और यह खतरे के निशान 71.26 मीटर से 33 सेंटीमीटर ऊपर है।
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गाजीपुर के रेवतीपुर ब्लॉक में बाढ़ का नजारा
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गाजीपुर में गंगा खतरे के निशान 63.105 मीटर से ऊपर बह रही हैं। रेवतीपुर ब्लॉक के आधा दर्जन गांवों के तीन संपर्क मार्गों पर पानी भर जाने से आवागमन बंद हो गया है। गंगा के जलस्तर में दो सेमी प्रतिघंटे बढ़ोतरी हो रही है। शाम छह बजे तक जलस्तर 63.720 मीटर पर था। चंदौली में गंगा खतरे के निशान 71.26 मीटर के ऊपर बह रही हैं। शनिवार की शाम सात बजे जलस्तर 71.59 मीटर था। तीन सेमी प्रतिघंटे पानी बढ़ रहा है।
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बलिया के गोपालपुर में बाढ़
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बलिया में गंगा उच्चतम बाढ़ बिंदु के नजदीक पहुंचने की स्थिति में है। गंगा का जलस्तर वर्ष 2016 के रिकॉर्ड को तोड़ सकता है। 2016 में उच्चतम बाढ़ बिंदु 60.390 मीटर था। शाम चार बजे जलस्तर 59.210 मीटर पर था। गंगा का पानी आधा दर्जन गांवों में प्रवेश कर गया है। करीब एक दर्जन प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय के साथी ही दो इंटर कॉलेज वह एक महाविद्यालय में बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया है।
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मिर्जापुर में बाढ़ में फंसे पशु
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मिर्जापुर में छानबे, कोन, मझवां, सीटी, पड़री, सीखड़, नरायनपुर विकास खंड में गंगा के तटवर्ती गांवों में बाढ़ का पानी पहुंच गया है। सड़कों पर पानी भर जाने से संपर्क टूट गया है। गांवों तक पहुंचने के लिए केवल नाव ही सहारा है। शनिवार को शाम चार बजे प्रति घंटे एक सेंटीमीटर की गति से गंगा के जलस्तर में बढ़ाव हो रहा था। गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु पार करते हुए 78.44 मीटर पर पहुंच गया है। खतरे का निशान 77.724 मीटर है।