योगी सरकार में अपराधियों की शामत आ गई है। यूपी के सभी जिलों में अपराधियों की अवैध संपत्तियों को ढूंढ-ढूंढकर कुर्क किया जा रहा है। मुजफ्फरनगर प्रशासन ने भी मंगलवार को बड़ी कार्रवाई की है। जेल में बंद कुख्यात बदमाश सुशील मूंछ के मकान को कुर्क कर लिया गया है। वहीं कुर्की की कार्रवाई के दौरान भारी पुलिसफोर्स मौके पर मौजूद रहा।
बता दें कि पुलिस ने गैंगस्टर के तहत यह कार्रवाई की है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कुख्यात सुशील मूंछ की करीब 57.36 लाख रुपयों की कुल अवैध चल-अचल संपत्ति को कुर्क किया गया है।
2 of 6
कुर्की की कार्रवाई करती पुलिस।
- फोटो : amar ujala
जमानत अर्जी हुई थी निरस्त
मुजफ्फरनगर में गैंगस्टर कोर्ट ने सुशील मूंछ की दो मामलों में दाखिल की गई जमानत अर्जी निरस्त कर दी थी। अभियोजन अधिकारी संदीप सिंह व विशेष लोक अभियोजक दिनेश सिंह पुंडीर ने बताया था कि सुशील मूंछ, कुंवरपाल व चंदन उर्फ सोनू पर वर्ष 2001 में दो अलग-अलग हत्या के अपराध में सिविल लाइन थाने के तत्कालीन एसओ भगवान शर्मा द्वारा गैंगस्टर का अभियोग पंजीकृत किया था।
3 of 6
जांच करती पुलिस।
- फोटो : amar ujala
वर्ष 2003 में सुशील मूंछ सहित आठ अभियुक्तों राजीव, सुनील, अनिल, ब्रह्मपाल, उदयवीर, राजेंद्र व किशन द्वारा गिरोह बनाकर नकली शराब बनाने व अवैध शराब के होलोग्राम, ढक्क्न आदि भारी मात्रा में बरामदगी कर पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज की गई थी।
4 of 6
कुर्की की कार्रवाई करती मुजफ्फरनगर पुलिस।
- फोटो : amar ujala
हत्या व हत्या के प्रयास जैसे सात अभियोगों को दर्शाते हुए तत्कालीन एसओ भोपा सुरेंद्र तेवतिया ने गैंग चार्ट तैयार कर गैंगस्टर का अभियोग पंजीकृत कराया था। उक्त दोनों अभियोग गैंगस्टर कोर्ट में विचाराधीन हैं। उच्च न्यायालय से स्थगन के कारण अभियोग लंबित था। स्थगन समाप्त होने के बाद भी सुशील मूंछ अदालत में उपस्थित नहीं हुआ था।
5 of 6
कुर्की की कार्रवाई करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
न्यायालय द्वारा कुर्की वारंट जारी करने पर आठ नवंबर 2021 को सुशील मूंछ ने गैंगस्टर कोर्ट में आत्मसमर्पण किया था। इन दोनों मामलों में जमानत अर्जी दाखिल की थी। अभियोजन की और से पैरवी कर सुशील मूंछ का लंबा आपराधिक इतिहास पेश किया गया।