अपराध को लेकर अधिकतर सुर्खियों में रहने वाले पश्चिमी यूपी में बीते साल में कई ऐसी बड़ी घटनाएं हुईं, जिनकी प्रदेश ही नहीं पूरे देश में गूंज पहुंची। पश्चिमी यूपी के तीन जिलों में भाजपा नेता समेत पांच हाई-प्रोफाइल लोगों की हत्याएं हुईं। जहां इन हत्याओं से इलाकों में काफी समय तक दहशत फैली रहीं तो वहीं कुछ मामलों में पुलिस ने सख्ती से कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया। तो आइए आपको बताते हैं कि बीते साल में ऐसे कौन से पांच बड़े क्राइम हुए जिनकी पूरे देश तक गूंज पहुंची।
Year Ender 2021: वो पांच हाई-प्रोफाइल मर्डर केस, जिनकी पूरे देश में पहुंची गूंज, कहीं भाजपा नेता तो कहीं नेशनल खिलाड़ी का हुआ मर्डर
बागपत में गांव बिजरौल निवासी डॉ. आत्माराम तोमर करीब 25 वर्ष से बिजरौल रोड स्थित मकान में रहते थे और 1996 में छपरौली विधानसभा सीट से भाजपा प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़े थे। उनका एक पुत्र अरविंद अमेरिका में इंजीनियर है। डॉ. आत्मराम की पत्नी शकुंतला देवी भी उसके पास अमेरिका में रहती हैं। दूसरे पुत्र डॉ. प्रताप तोमर मेरठ में रहते हैं। डॉ. आत्माराम तोमर घर में अकेले रहते थे। डॉ. प्रताप ने उनका फोन रिसीव नहीं होने पर पास में ही रह रहे चालक विजय को गुरुवार रात घर भेजा था। विजय ने तीन छात्रों की मदद से करीब 11 बजे कमरे का ताला तोड़ा तो डॉ. आत्माराम तोमर का शव बेड़ पर पड़ा था। उनके चेहरे पर तौलिया लिपटा था और कान से खून बह रहा था। चेहरे व हाथ पर चोट के निशान थे। वहां से आई फोन, इनोवा कार की चाबी भी गायब थी।
विजय ने इसकी जानकारी पुलिस, डॉ. प्रताप और भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष कुलप्रकाश को दी। पुलिस ने सामने वाले मकान की सीसीटीवी फुटेज देखी। इससे पता चला कि गैस एजेंसी पर काम करने वाले रिश्तेदार मुजफ्फरनगर के सोंटा गांव निवासी प्रवीण ने अपने साथी सांकलपुट्ठी निवासी बलराम के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने बताया कि प्रवीण को कुछ समय पहले एजेंसी से हटा दिया था। उसे दोबारा रख लिया था। इसके बावजूद वह डॉ. आत्माराम तोमर से रंजिश रखे हुए था। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी थी।
मर्डर - 2
मेरठ में पूर्व प्रधान की हत्या
मेरठ जनपद में जानीखुर्द क्षेत्र के नंगला गांव में हाल ही में किठौली गांव के पूर्व प्रधान तेजपाल सिंह सैनी की हत्या कर दी गई थी। बताया गया कि मुकदमेबाजी में मां-बेटी ने पूर्व प्रधान तेजपाल सिंह को मारा है। जेल जाने से पहले मां-बेटी ने कहा कि उनको पूर्व प्रधान की हत्या का कोई पछतावा नहीं है। तेजपाल को नहीं मारते तो वह हमें मरवा देता। उसके खिलाफ दर्ज केस ट्रायल पर आ गया था। इसके बाद से तनाव बढ़ता जा रहा था। पुलिस ने दोनों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उनको जेल भेजा गया।
ये है मामला
जानी थाना क्षेत्र के किठौली गांव के पूर्व प्रधान तेजपाल सिंह सैनी बाइक पर गन्ना सोसाइटी मेरठ जा रहे थे, तभी नंगला गांव स्थित मंदिर के पास गोलियां बरसाकर उसकी हत्या कर दी गई। वारदात के बाद एक महिला अपनी बेटी को लेकर जानी थाने में पहुंची और बोली हमने पूर्व प्रधान की हत्या कर दी। एसपी देहात केशव कुमार ने बताया कि हत्या में नामजद युवती के साथ पांच साल पहले दुष्कर्म की वारदात की गई थी। जिसमें तेजपाल सिंह और उसके बेटे अंकित के खिलाफ केस दर्ज कराया था। उसके बाद दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई, जिसमें दूसरा मुकदमा टीपीनगर थाने में दर्ज हुआ था। तेजपाल ने भी परिवार की एक युवती से दुष्कर्म का प्रयास होने का आरोप लगाकर मां-बेटी के परिवार के लोगों को नामजद कराया था। तीनों मुकदमे कोर्ट में चल रहे हैं। दुष्कर्म का मुकदमा ट्रायल पर आ गया है। इसे लेकर दोनों के बीच समझौते की बात चली थी, लेकिन नतीजा नहीं निकला।
मर्डर - 3
मेरठ के एक मंडप में दूल्हे की भांजी का मर्डर
मेरठ में रेड कारपेट बैंक्वेट हॉल में दूल्हे की भांजी की हत्या की गई थी। हत्यारोपी कोई और नहीं बल्कि पिलखुआ निवासी मौसेरा भाई विशाल गुप्ता ही निकला था। युवती के साथ उसी ने दुष्कर्म करने का प्रयास किया था और विरोध करने पर गला घोंटकर हत्या कर दी थी। भावनपुर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर क्राइम सीन भी दोहराया था। घटनास्थल पर सिपाही रवि बालियान भी मौजूद था, जिसकी पुलिस ने जांच की थी।
एसएसपी ने किया था खुलासा
एसएसपी प्रभाकर चौधरी व एसपी देहात केशव कुमार ने पुलिस लाइन में बताया था कि विशाल गुप्ता ने शादी समारोह में युवती को कमरे में बुलाकर दुष्कर्म का प्रयास किया था, विरोध करने पर उसकी हत्या कर दी थी। वारदात के बाद आरोपी मंडप से बाहर आ गया और करीब दो घंटे बाद वापस शादी समारोह में पहुंचा। युवती का पता न लगने पर विशाल और युवती के भाई के बीच कहासुनी भी हुई थी। विशाल ने परिवार के साथ मिलकर युवती को ढूंढने का नाटक भी किया था। वहीं बाथरूम में युवती की लाश मिलने पर विशाल और परिवार के लोगों ने कमरे में सो रहे सिपाही रवि बालियान को खूब पीटा था। परिजनों ने हत्या का आरोप रवि बालियान और मंडप संचालकों पर लगाकर हंगामा किया था। इसके बाद मौसेरे भाई विशाल को उसके पिलखुआ स्थित घर से ही गिरफ्तार किया गया था। युवती के परिजनों ने खुलासे पर संतुष्टि जताई थी।
मर्डर - 4
बिजनौर में नेशनल खिलाड़ी की हत्या
बिजनौर जिले में नेशनल खिलाड़ी की हत्या कर दी गई थी। खो-खो की नेशनल खिलाड़ी रह चुकी युवती ने जिंदगी के हजारों सपने संजोए होंगे लेकिन, कुछ दरिंदों ने चंद मिनटों में ही युवती की दुनिया उजाड़ दी थी। लाडली का हंसता हुआ चेहरा देख परिवार के भी बहुत सपने थे, जो कि अब अधूरे रह गए। बेटी की हत्या के बारे में पता चलने पर परिजन सदमे में आ गए थे और घर में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
युवती ने खूब किया संघर्ष
युवती ने हत्यारों से यूं ही हार नहीं मानी। उसने खूब संघर्ष किया, जिसकी गवाही उसकी नाक से बहता खून और टूटा हुआ दांत दे रहा था। हालांकि इस संघर्ष के बावजूद वह जिंदगी की जंग हार गई। शहर की एक कॉलोनी निवासी 24 वर्षीय युवती खो-खो की बेहतरीन खिलाड़ी रही। इस कारण उसे एक दंरिदे द्वारा काबू करने की बात पर विश्वास ही नहीं किया जा सकता। घटना स्थल पर युवती जब परिजनों को मिली तो उसकी नाक से खून बह रहा था। चेहरे और कपड़ों पर खून के छींटे लगे हुए थे। उसके साथ इतनी मारपीट हुई की उसका एक दांत भी टूटा हुआ था। उसी के दुपट्टे से उसका गला घोंट दिया गया था। इससे यही अंदाजा लग रहा था कि हत्यारों के साथ युवती भिड़ गई थी और उसके विरोध करने पर दरिंदों ने उसके साथ मारपीट करते हुए मौत के घाट उतार दिया।