पहाड़ों पर बर्फबारी ने मैदानी इलाकों में ठिठुरन बढ़ा दी है। बुधवार सुबह के घना कोहरा रहा तो गुरुवार को भी सूर्य देवता अपनी झलक भर दिखाकर छुप गए। जी हां आज भी मौसम में नमी व कोहरे का असर बरकरार है। दृश्यता कम होने से हाईवे पर वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं मौसम विज्ञानियों के अनुसार अभी मौसम के तेवर ऐसे ही रहेंगे। आगे तस्वीरों में देखें सर्द मौसम के तेवर:-
पहाड़ों पर बर्फबारी से पश्चिमी यूपी में और बढ़ेगी ठिठुरन, इन तस्वीरों में देखें मौसम का मिजाज़
दिन और रात का तापमान नीचे आने से मौसम और भी सर्द होता जा रहा है। दिसंबर के अंतिम सप्ताह में जहां सुबह और देर रात कोहरा छा रहा है तो दिन भर शीतलहर चल रही है। दो दिन से सुबह के समय कोहरा बहुत कम था। लेकिन बुधवार को सुबह के समय फिर से घने कोहरे ने दस्तक दे दी। कोहरा इतना ज्यादा था कि हाईवे पर सुबह नौ बजे भी वाहन चालकों को लाइट जलाकर चलना पड़ रहा था।
दृश्यता कम होने से कारण भी वाहन चालक परेशान रहे। मौसम विज्ञान केंद्र पर अधिकतम तापमान 19.9 डिग्री व न्यूनतम तापमान 6.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। अधिकतम आर्द्रता 91 व न्यूनतम 37 प्रतिशत दर्ज की गई। आईआईएफएसआर के मौसम वैज्ञानिक डॉ. एम. शमीम का कहना है कि अभी सुबह के समय कोहरा रहेगा। दिन में शीतलहर से मौसम सर्द बना रहेगा।
गुरूवार की बात करें तो मेरठ में सुबह के समय मौसम साफ था। यहां धूप तो खिली लेकिन कुछ ही घंटे के बाद हल्के कोहरे की चादर ने शहर को घेर लिया। बुधवार देर रात्रि में भी हल्का कोहरा रहा जिसके कारण बेगम पुल सहित शहर की व्यस्त सड़कों व हाईवे पर वाहन चालकों को परेशानी हुई।
पारा गिरा, कोहरे की चादर में ढका शहर
मुजफ्फरनगर में शीतलहर के साथ सुबह घने कोहरे के कारण अंधेरा छाया रहा। आम लोगों का सड़कों से गुजरना मुश्किल रहा। कोहरे में कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। अत्यधिक ठंड के चलते सुबह के समय खेतों में बर्फ की चादर सी बिछी रही। शीतलहर और ठंड के कारण यहां मंगलवार को तो न्यूनतम तापमान 1.6 डिग्री सेल्सियस रहा।
दिन भर शीत लहर में लोग कंपकंपाते नजर आ रहे हैं। आम जनजीवन पूरी तरह प्रभावित है। बाजारों से जहां ग्राहक गायब हो गए हैं, वहीं खेतों में किसानों के लिए काम करना मुश्किल हो गया है। यातायात व्यवस्था भी लगातार प्रभावित है। मजबूरी में ही लोग सड़क पर निकल रहे हैं। गुरूवार को भी यहां दस बजे के बाद मौसम साफ हुआ और सूरज दिखाई दिया। ठंड के साथ शीतलहर से लोग कंपकंपाते नजर आए। दिन में भी बाजारों की रौनक गायब रही।