मेरठ में जागृति विहार के हैवान विमल चंद की हैवानियत का काला चिट्ठा परत दर परत सामने आने लगा है। आलम ये है कि उसकी सभी काली करतूतों को सार्वजनिक भी नहीं की जा सकता है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि बच्चियों को एनर्जी की दवाई बताकर नशीली गोलियां खिलाई जाती थी। हैवान की पूरी सच्चाई जानकर पुलिस अधिकारियों की भी रूह कांप गई। आइए आपको आगे बताते हैं, हैवान की काली करतूत का पूरा सच:-
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आरोपी विमल चंद को ले जाती पुलिस
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वहीं तलाशी के दौरान आरोपी के घर से मिलीं नशीली गोलियों को पुलिस ने कब्जे में लिया है। पीड़ित बच्चियों ने भी दवाई देने की बात काउंसलिंग में बताई। पुलिस को कई तरह की गोलियां मिलीं, जिसे आरोपी भी खाता था।
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सीसीटीवी में कैद हुई आरोपी की घिनौनी करतूत
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घनी आबादी में सभ्य लोगों के बीच रह रहे हैवान विमल चंद की दरिंदगी का पर्दाफाश होने के बाद पुलिस ने बारीकी से इसकी जांच पड़ताल शुरू की है। पुलिस ने गुरुवार रात आरोपी विमल चंद के घर में तलाशी अभियान चलाया। जहां एक अलमारी की दराज से नशे की गोलियां मिलीं है।
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एसपी सिटी डॉ. अखिलेश नारायण सिंह
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एसपी सिटी डॉ. अखिलेश नारायण सिंह ने बताया कि विमल चंद ने गोलियां खुद खाने की बात बताई। गोलियों की जांच कराई तो उसमें नशे की गोलियां भी मिलीं। उसके बाद पुलिस ने आरोपी से सख्ती से पूछताछ की। तब आरोपी ने बताया कि दरिंदगी करने से पहले उसकी नौकरानी बच्चियों को भरोसे में लेकर गोलियां खिला देती थी। इससे बच्चियों को नशा होता था। आरोपी की बात सुनकर पुलिस भी हैरान रह गई।
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आरोपी विमल चंद को क्राइम ब्रांच ने दबोचा
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आंटी एनर्जी की दवाई देती थी
महिला पुलिस ने तीनों बच्चियों की काउंसलिंग की। बच्चियों ने बताया कि आंटी हमें एनर्जी की दवाई खिलाती थी। बच्चियों को दवाइयों के रेपर दिखाए गए है, जिनकी उन्होंने पहचान की। पुलिस का कहना है कि नशे की गोलियों को सीज कर दिया गया है। विवेचना में इसको भी शामिल किया जाएगा।