मेरठ कैपिटल में करिश्मा की माैत के मंजर को जिसने भी देखा, वह खौफजदा था। बचाव के लिए हॉस्पिटल में तीमारदार दौड़ रहे थे, लेकिन हर कोई बेबस था। लिफ्ट के दरवाजे के बाहर महिला (जच्चा) की गर्दन लटकी थी और उसका आधा शरीर अंदर लिफ्ट में लटका हुआ था। हॉस्पिटल की व्यवस्था भी पूरी तरह चौपट हो गई। महिला को बचाने की बजाए, हॉस्पिटल का स्टाफ भाग गया।
Experts View: हाथ से कभी न रोकें लिफ्ट, प्रयोग करते वक्त बरतें सावधानी, फंस जाएं तो घबराएं नहीं, करें ये काम
मेरठ में कैपिटल हाॅस्पिटल में लिफ्ट टूटने से प्रसूता महिला की दर्दनाक माैत हो गई। हादसे का मंजर जिसने भी देखा उसी की रूह कांप गई। ऐसे हादसे कभी भी हो सकते हैं, ऐसे में एक्सपर्ट अलर्ट रहने की सलाह देते हैं।
क्या कहते हैं लिफ्ट विशेषज्ञ
लिफ्ट में कोई हादसा न हो। इसके लिए बेहद जरूरी है कि लिफ्ट का इस्तेमाल करते वक्त सावधानी बरतें। लिफ्ट विशेषज्ञ अंकित सक्सेना और नितिन पूनिया ने बताया कि कई बार लिफ्ट अचानक ही रुक जाती है, उसमें कोई टेक्निकल खराबी आ जाती है। लाइट जाने से भी लिफ्ट बंद हो जाती है।
ऐसे में कमजोर दिल वाले काफी घबरा जाते हैं। कुछ लोगों को बंद लिफ्ट में घुटन भी महसूस होने लगती है। अब लगभग हर ऊंची बिल्डिंग में लिफ्ट की सुविधा मौजूद रहती है। खासकर, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए। ऐसे में लोग लिफ्ट का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन लिफ्ट की मेंटेनेंस का ख्याल रखना भी जरूरी है। वर्षों पुरानी बिल्डिंग के लिफ्ट में अक्सर ऐसे हादसे होते हैं।
- समय-समय पर लिफ्ट का मेंटेनेंस करवाना बहुत जरूरी है, लिफ्ट का इस्तेमाल जल्दबाजी में न करें।
- लिफ्ट का बटन दबाएं और फिर दरवाजा खुलने के बाद सही से देखें, उसके बाद ही अंदर जाएं। कई बार लोग फोन पर बात करने के चक्कर में भी इन चीजों पर ध्यान नहीं देते हैं और हादसे हो जाते हैं
- लिफ्ट में घुसने से पहले देख लें कि उसमें पहले से ही अधिक लोग तो नहीं। ओवरलोड करने से भी लिफ्ट में टेक्निकल समस्या आ सकती है, बीच में ही लिफ्ट रुक सकती है।
- यदि आप लिफ्ट में अकेले हैं और लिफ्ट अचानक बीच में ही रुक जाए, तो पैनिक न करें। लिफ्ट में यदि अलार्म बटन लगा है तो उसे प्रेस करें। कुछ लिफ्ट में हेल्पलाइन नंबर भी लिखा होता है। लिफ्ट में ये नंबर लिखा है तो उस पर कॉल करें।
- यदि आप लिफ्ट में फंस गए हैं, तो बार-बार उसे चलाने के लिए बटन प्रेस न करें। कई बार लिफ्ट जिस फ्लोर पर रुकनी चाहिए, वहां नहीं रुकती और नीचे जाने लगती है। इससे भी लोग डर जाते हैं। इस स्थिति में भी बार-बार बटन ना दबाएं वरना लिफ्ट में कोई दूसरी टेक्निकल खराबी आ सकती है।
- यदि आपको लिफ्ट इस्तेमाल करते हुए कोई भी फॉल्ट, टेक्निकल इशू महसूस हो तो तुरंत ही इसकी जानकारी मेंटेनेंस ऑफिस को दें। इससे समय रहते ही लिफ्ट की मेंटेनेंस और टेक्निकल खामी को ठीक किया जा सकता है, ताकि कोई भी हादसा न हो।
- कई बार लोग लिफ्ट को रोकने के लिए बीच में हाथ लगा देते हैं। ऐसा करना बहुत ही गलत है। इससे हाथों में चोट लग सकती है। हड्डियां भी फ्रैक्चर हो सकती हैं। लिफ्ट में जा रहे हैं तो शांति से खड़े रहें न कि उसके अंदर उछल-कूद मचाएं।
- जिन लोगों को लिफ्ट में जाने से डर लगता है, उन्हें अकेले ना जाने दें। घर का कोई सदस्य साथ हो। खासकर, बुजुर्ग और बच्चों को अकेले कभी ना भेजें।
- लिफ्ट के अंदर स्मोकिंग न करें। बंद लिफ्ट में धुएं से लोगों का घुटन महसूस होने के साथ ही सांस लेने में तकलीफ हो सकती है।