'खून से लाल' ड्रम में सिर के बल पड़ी थी किन्नर के 'आशिक की लाश', चापड़ से काटी गई गर्दन
कानपुर घाटमपुर निवासी रजा हुसेन ने बताया कि बीते करीब छह महीने पहले उनके मोहल्ले के ही मो. असफाक ने चांदनी नाम के एक किन्नर को उसके पुत्र जाकिर हुसेन के मकान पर किराए में कमरा दिलाया था। किन्नर ने बताया था कि उसकी शादी हो चुकी है और कथित पति वसीम (32) सूरत में प्राइवेट नौकरी करता है। बताया कि चांदनी जब कभी कानपुर या बाहर जाती थी। वहां से वापस लौटने पर उसी कथित पति (आशिक) के साथ ही बाइक से लौटती थी और फिर युवक कई-कई दिन साढ़ में ही चांदनी के साथ रुकता था। वहीं, मोहल्ले वालों ने बताया कि उनके पूछने पर युवक ने खुद को टेंपो चालक बताया था।
मोहल्ले के लोगों ने बताया कि करीब 20 दिन पहले किन्नर चांदनी ने कमरे में रखा कीमती सामान कसबे के ही चिनकू कबाड़ी को बेंच दिया था। इसके बाद कमरे में ताला बंद कर चली गई। जाते समय उसने मकान मालिक को बताया था कि वह करीब दो महीने बाद लौटेगी। वहीं आशिक वसीम के बारे में बताया कि वह भी सूरत नौकरी करने चला गया है। इधर, बीते कई दिनों से चांदनी के कमरे से बदबू का भभका उठना शुरू हुआ जिससे मकान मालिक और मोहल्ले के लोग परेशान उठे। पुलिस को सूचना दी गई तो मामले का खुलासा हुआ। युवक वसीम की चापड़ से गर्दन काटकर हत्या की गई थी। प्लास्टिक के ड्रम की तली में खून भी भरा मिला। पुलिस ने कमरे के भीतर से खून सना चापड़ भी बरामद कर लिया है।
कोतवाली में रजा हुसेन की तहरीर पर किन्नर चांदनी नाम-पता अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। सीओ शैलेंद्र सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया है। बताया कि कपड़े और अन्य सामान सुरक्षित किया गया है।
जिस कमरे में युवक की हत्या की गई। उसके भीतर रखा सामान इधर-उधर फर्श पर फैला मिला। पुलिस का मानना है कि किन्नर चांदनी ने मामले का रुख मोड़ने के लिए लूटपाट का रूप देने की कोशिश की होगी। लेकिन, कमरे में ताला बंद करके जाते देखे जाने की पुष्टि के बाद उसकी चाल सफल नहीं हुई। सीओ ने बताया कि पुलिस फरार किन्नर चांदनी की तलाश के साथ ही हत्याकांड का खुलासा करने के लिए प्रयास में जुट गई है।