कुंभ से पहले शहर भर की दीवारों को सजाने के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर की गई धार्मिक, सांस्कृतिक चित्रकारी के रंग अब फीके पड़ने लगे हैं। कहीं रंग उड़े हैं तो कहीं पोस्टरों के चिपकाने चित्र बदरंग हो गए हैं। कहीं अतिक्रमण तो कहीं पोस्टर चिपकाने से महापुरुषों के लिए अपमान किया जा रहा है। प्रशासन इस मामले में कुछ कोचिंग संस्थानों के खिला कार्रवाई कर चुप बैठ गया है। साफ है कि चित्रकारी को सहेजने के किए जा रहे उपाय नाकाफी साबित हो रहे हैं।
प्रयागराजः पेंट माई सिटी की पेंटिंग्स हुई बदरंग, कहीं रंग पड़ा फीका तो कहीं अतिक्रमण से परेशानी
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शहर की धार्मिक परंपरा को सहेजने के लिए कुंभ पर शहर के सरकारी भवनों, सार्वजनिक स्थलों और स्कूल-कॉलेज की दीवारों, पानी की टंकियों, फ्लाईओवर, आरओबी, नाव आदि पर पेंट माई सिटी अभियान के तहत चित्रकारी कराई गई। इसमें इंदिरा भवन जैसे भवन फसाड लाइटिंग के साथ आज भी चमक रहे हैं, लेकिन अधिकांश स्थानों पर पेंट माई सिटी के तहत चमक शहर अब फीकी पड़ती जा रही है।
कलक्ट्रेट के सामने विकास भवन के बगल एक स्थान पर भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेयी के चित्र पर पोस्टर चिपकाए गए हैं। सिविल लाइंस में जीएचएस की दीवार पर जमी धूल की परत चित्रकारी को बदरंग दिखा रही है। इसी तरह नैनी सेट्रल जेल की दीवार पर की गई चित्रकारी उधड़ गई है।
शहर में सरोजनी नायडू मार्ग, शिक्षा निदेशालय, एजी आफिस, नवाब यूसुफ रोड, रेलवे कॉलोनी स्मिथ रोड, अलोपीबाग-हाईकोर्ट फ्लाई ओवर, स्टेशन रोड, कानपुर रोड आदि पर पेंट माई सिटी के तहत की गई चित्रकारी फीकी या बदरंग हो गई है।
महापुरुषों का अपमान
रंग फीके पड़ने से बदरंग हुई चित्रकारी से इतर स्मिथ रोड (रेलवे कॉलोनी) समेत कई स्थानों पर महापुरुषों के चित्रों के आगे किए गए अतिक्रमण को शहरी उनका अपमान बता रहे हैं। स्मिथ रोड पर महात्मा गांधी, लौह पुरुष सरदार बल्लभ भाई पटेल, स्वामी विवेकानंद, डॉ. भीमराव आंबेदकर आदि महापुरुषों के चित्र पहचाने में दिक्कत होगी। अलोपीबाग और बालसन के समीप अतिक्रमण और कब्जा कर दुकानें लगाए जाने से साफ है कि अतिक्रमण हटाने के नाम पर सिर्फ खाना पूरी की जा रही है। कहीं केबल बाक्स रखे हैं तो कहीं कील और डंडे लगाकर झोले-बैग, गमझे आदि टांगे गए हैं। साल पूरा होने से पहले ही चित्रकारी रंग फीके देखने वाले शहरी मायूस हैं।
पेंट माई सिटी अभियान के तहत की गई चित्रकारी को खराब करने वालों को चिह्नित कर कार्रवाई की जाएगी। चित्रकारी खराब करने वाले कुछ संस्थानों को खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। शहर की इस धरोहर को सहेजने के लिए निरंतर निरीक्षण किया जा रहा है। जहां चित्रकारी के रंग फीके पड़े हैं, उन्हें दुरुस्त कराया जाएगा।- भानुचंद्र गोस्वामी, जिलाधिकारी प्रयागराज