पवित्र माह रमजान बुधवार से शुरू हो गया। इस बार भी कोरोना संक्रमण काल में रमजान के दौरान ताजमहल की शाही मस्जिद में तरावीह नहीं हो सकेंगी। रात्रि कर्फ्यू के कारण रात नौ बजे से सुबह छह बजे तक बाहर निकलने पर प्रतिबंध है। ऐसे में ताजमहल के दरवाजे रात में तरावीह के कारण नहीं खुलेंगे। वहीं कोरोना के प्रकोप के चलते सैलानियों की संख्या भी बहुत कम रह गई हैं।
रमजान 2021: तरावीह के लिए रात में नहीं खुलेगा ताजमहल, कोरोना के चलते लिया गया फैसला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ताजमहल में बीते साल कोरोना संक्रमण के कारण रमजान में तरावीह नहीं हुई थी। इस बार भी तरावीह नहीं हो सकेंगी। ताजमहल की शाही मस्जिद को रात आठ बजे के बाद तरावीह के लिए खोला जाता रहा है। इसके लिए स्मारक के पूर्वी और पश्चिमी गेट पर रजिस्टर में आधार कार्ड दिखाकर प्रवेश मिलता था, जिसके बाद अकीदतमंद तरावीह में शामिल होते रहे। प्रशासन ने बुधवार को स्पष्ट कर दिया कि ताजमहल में प्रवेश नहीं होगा। रात्रि कर्फ्यू के कारण ताज के गेट नहीं खुलेंगे।
188 दिनों की बंदी के बाद 21 सितंबर 2020 को जब ताज पर्यटकों के लिए खोला गया तो रात्रि दर्शन के लिए अनुमति नहीं दी गई। धार्मिक स्थलों को फरवरी में खोलने की घोषणा के बाद ताज की शाही मस्जिद में शुक्रवार की नमाज के लिए लोगों को प्रवेश मिल सका।
बुधवार को ताज पर महज 2706 सैलानी
ताजमहल पर दिन पर दिन सैलानियों की संख्या में कमी दर्ज की जा रही है। जैसे जैसे संक्रमण का दायरा और संख्या बढ़ रही है, वैसे वैसे ताज पर पर्यटकों की संख्या में गिरावट हो रही है। बुधवार को ताजमहल पर महज 2706 पर्यटक आए। मंगलवार को यह संख्या 2816 थी। महज दो सप्ताह के अंदर ही ताजमहल पर सैलानियों की संख्या 17 हजार से घटकर 2706 रह गई है। बुधवार को पूरे दिन ताज पर पर्यटक कम नजर आए। दोपहर में सन्नाटा पसरा रहा।
एक चैनल के धारावाहिक के लिए बुधवार को ताजमहल में शूटिंग की गई। ताजमहल के दक्षिणी गेट स्थित होटल की छत पर तीन दिनों से कई दृश्य फिल्माए जा रहे थे। बुधवार को शूटिंग यूनिट ने दोपहर में रॉयल गेट के बाहर फोरकोर्ट में अभिनेत्री के साथ कई दृश्य कैमरे में कैद किए।