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सात घंटे तक नहीं आई बिजली, 91 किलो मीटर की रफ्तार से आई आंधी ने उखाड़ दिए पेड़
Mon, 11 May 2020 12:09 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Mon, 11 May 2020 12:09 AM IST
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आगरा में आई आंधी के दौरान लाइट जलाकर निकल रहा वाहन चालक
- फोटो : अमर उजाला
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ताजनगरी में रविवार दोपहर लगभग ढाई बजे से साढ़े तीन बजे तक 91 किमी. प्रति घंटा की रफ्तार से आंधी आई। इससे 50 से ज्यादा पेड़, बिजली के खंभे, दीवारें गिर गईं। देहात में टिन शेड भी उड़ गए। तेज हवा चलते ही शहर से देहात की बिजली गुल हो गई। इससे लोगों को बड़ी परेशानी हुई। बिजली न होने से कई जगह शाम को पानी भी नहीं मिल पाया।
आंधी में फटा होर्डिंग
- फोटो : अमर उजाला
1. हाईवे, ताजगंज, माल रोड पर गिरे पेड़
एनएच-2 पर सिकंदरा में दक्षिणांचल के पास पेड़ों की टहनियां टूटकर गिर गई। आईएसबीटी के पास पेड़ भी गिरे। ताजगंज, माल रोड पर पेड़ गिरे। नामनेर में 15 फुट लंबी दीवार गिर गई। यमुनापार में बिजली के खंभे भी गिरे हैं। सिकंदरा, एमजी रोड, ट्रांसयमुना, कमला नगर, शास्त्रीपुरम में बड़ी संख्या में होर्डिंग्स गिर पड़े। फतेहाबाद रोड पर पेड़ गिर जाने से रास्ता बंद हो गया। महर्षिपुरम में अपार्टमेंट की खिड़कियां टूट जाने से कांच बिखर गया।
एनएच-2 पर सिकंदरा में दक्षिणांचल के पास पेड़ों की टहनियां टूटकर गिर गई। आईएसबीटी के पास पेड़ भी गिरे। ताजगंज, माल रोड पर पेड़ गिरे। नामनेर में 15 फुट लंबी दीवार गिर गई। यमुनापार में बिजली के खंभे भी गिरे हैं। सिकंदरा, एमजी रोड, ट्रांसयमुना, कमला नगर, शास्त्रीपुरम में बड़ी संख्या में होर्डिंग्स गिर पड़े। फतेहाबाद रोड पर पेड़ गिर जाने से रास्ता बंद हो गया। महर्षिपुरम में अपार्टमेंट की खिड़कियां टूट जाने से कांच बिखर गया।
आगरा में आई आंधी का दृश्य
- फोटो : अमर उजाला
91 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आई तेज आंधी ने न केवल पेड़ और होर्डिंग बल्कि बिजली के तार और खंभों को भी धराशाई कर दिया। इसका असर शहर से लेकर देहात तक की बिजली आपूर्ति पर पड़ा। शहर में दोपहर 2 बजे आंधी की आहट पर ही 220 केवी सिकंदरा सब स्टेशन से बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई थी। सिकंदरा सब स्टेशन से पोषित क्षेत्रों में आंधी के बाद शाम 6 बजे आपूर्ति बहाल कर दी गई, लेकिन बरौली अहीर, राजपुर चुंगी, सदर, आवास विकास कॉलोनी, दयालबाग, बलकेश्वर, ट्रांसयमुना के कुछ हिस्सों में फॉल्ट के कारण रात 9 बजे तक बिजली नहीं आई। आजम पाड़ा फीडर पर थोड़ी देर के लिए 6 बजे लाइट आई लेकिन फिर फॉल्ट के कारण यहां आपूर्ति बंद कर दी गई। मरम्मत के बाद यहां रात 8 बजे आपूर्ति चालू की गई। टोरेंट पावर की टीमें आपूर्ति बहाल करने में रात तक जुटी रही।
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आंधी से गिरा पेड़
- फोटो : अमर उजाला
शहर में 8 लाख से ज्यादा लोग पाइपलाइन की जगह सबमर्सिबल पंप के पानी पर निर्भर है। आंधी के बाद गुल हुई बिजली के कारण लोगों को पानी की परेशानी हुई। दरअसल, रविवार को नहाने व कपड़े धोने के बाद ज्यादातर घरों की टंकियां खाली हो चुकी थीं। बिजली गुल होने के साथ ही पानी की किल्लत शुरू हो गई। शाम को जब लाइट नहीं आई तो लोगों की धड़कनें बढ़ी। लेकिन एक-एक करके रात 9 बजे जैसे ही आपूर्ति बहाल हुई तो लोगों ने सबसे पहले सबमर्सिबल पंप को चालू करके पानी की टंकी भरी।
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धूलभरी आंधी से छाया अंधेरा
- फोटो : अमर उजाला
शास्त्रीपुरम की प्रीति देव ने कहा कि वे और उनकी कॉलोनी के लोग समर्सिबल पंप पर ही निर्भर है। ऐसे में परेशानी हुई। पश्चिम पुरी निवासी रक्षा ने बताया कि गंगाजल की पाइपलाइन ना होने के कारण समर्सिबल पंप पर ही निर्भरता है । दोपहर में टंकी का पानी गर्म हो जाने के कारण नहीं भरते। सुबह और शाम को ही पंप चलाया जाता है। आंधी के कारण इस वजह से दिक्कत का सामना करना पड़ा।