भारी बर्फबारी की वजह से रोहतांग दर्रे के बाद अब रोहतांग सुरंग से होकर वाहनों की आवाजाही पर ब्रेक लगने से घाटी से रेफर होने वाले मरीजों के अलावा सरकारी कर्मचारियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। अब घाटी से बाहर आने-जाने के लिए हेलीकॉप्टर ही एकमात्र विकल्प रहा है। 25 नवंबर से रोहतांग टनल होकर बस की आवाजाही अचानक बंद होने से कई लोग कुल्लू-मनाली और लाहौल में फंस गए हैं।
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लाहौल की चंद्रा घाटी
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हालांकि, 24 नवंबर को बस के अलावा कई निजी वाहन टनल के जरिये आर-पार हुए। अवकाश पर गए कई कर्मचारी अभी भी घाटी से बाहर हैं। कई कर्मचारियों ने अवकाश पर घर जाना है। रोहतांग टनल से आवाजाही बंद होने से रेफर मरीजों को लाहौल से बाहर निकालना चुनौती बन गया है। कांग्रेस ने ऐसे हालात में सरकार से तत्काल हेलीकॉप्टर उड़ानें शुरू करने की मांग की है।
जिला कांग्रेस प्रवक्ता अनिल सहगल ने कहा कि बर्फबारी के कारण रोहतांग दर्रा पहले ही बंद है। निर्माण कार्य के चलते रोहतांग टनल होकर 25 नवंबर से वाहनों की आवाजाही रोक दी गई है। हेलीकॉप्टर सेवा ही एकमात्र विकल्प बचा है। कहा कि सरकार जनजातीय क्षेत्रों के लिए जल्द हेलीकॉप्टर उड़ानों की व्यवस्था करे। सीमा सड़क संगठन ने कहा कि मौसम पूरी तरह साफ होने के बाद ही रोहतांग दर्रा से बर्फ हटाने का काम शुरू किया जाएगा।
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काेकसर
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बताया जा रहा है कि लाहौल घाटी के अधिकतर दुकानदारों ने अभी तक राशन और अन्य सामान का भंडारण नहीं किया है। सर्दी के मौसम में पिछले साल की तरह घाटी में खाद्यान्नों का संकट पैदा हो सकता है। वहीं, जिला प्रशासन का दावा है कि सरकार की तरफ से सभी तरह के खाद्यान्नों का भंडारण कर दिया है। उपायुक्त केके सरोच ने बताया कि हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने के लिए सोमवार को उड़ान समिति की टीम को रोहतांग टनल होकर कुल्लू भेज दिया गया है। इसके लिए रोहतांग टनल प्रबंधन से विशेष अनुमति मांगी गई। कुल्लू में उड़ान समिति कार्यालय खोलने के बाद कुछ दिन में हेलीकॉप्टर सीट के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
वहीं, सर्दी शुरू होते ही बीएसएनएल की दूरसंचार सेवा चरमरानी शुरू हो गई हैं। लाहौल के दारचा क्षेत्र में 11 नवंबर से बीएसएनएल की दूरसंचार सेवा और उदयपुर में पिछले करीब एक सप्ताह से मोबाइल फोन सेवा बंद है। जिला मुख्यालय केलांग में भी शनिवार शाम से बीएसएनएल की इंटरनेट सेवाएं जवाब दे रही हैं। इससे ऑनलाइन कामकाज ठप हो गया है। इंटरनेट सेवा बंद होने से ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन पंजीकरण, आधार कार्ड और प्रमाणपत्र बनाने की प्रक्रिया रुक गई है। हालांकि चंद्रा और तोद वैली के कुछ हिस्सों में एक निजी कंपनी की दूरसंचार सेवा शुरू हो गई है।