हिमाचल में कोरोना के बढ़ते मामलों को लेकर प्रदेश सरकार का रुख और कड़ा हो गया है। सरकार ने मंगलवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में कई बड़े फैसले लिए। सरकार ने धर्मशाला तपोवन में 7 से 11 दिसंबर तक होने वाला विधानसभा शीतकालीन सत्र रद्द कर दिया है। अब राज्यपाल इसकी संस्तुति करेगी। गत दिनों सत्र को लेकर सर्वदलीय बैठक भी बुलाई गई थी, जिसमें कोई निर्णय नहीं हो पाया था। हिमाचल में इस बार विधानसभा का बजट सत्र जल्द हो सकता है। शहरी विकास मंत्री सुरेश भरद्वाज ने बताया कि शीतकालीन सत्र न होने पर बजट सत्र जल्द बुलाया जा सकता है। मार्च में बजट सत्र होता है।
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हिमाचल कैबिनेट की बैठक
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कैबिनेट बैठक में सरकार ने फैसला लिया कि शादियों, सामाजिक-धार्मिक समारोहों, मुंडन और जन्मदिन जैसे सभी कार्यक्रमों के आयोजन के लिए एसडीएम से परमिट लेना होगा। इसके अलावा समारोहों में 50 से अधिक लोग शामिल नहीं होंगे और अगर ऐसा हुआ तो 5 हजार रुपये तक जुर्माना और पुलिस एक्ट के तहत 8 दिन की जेल होगी। कार्यकारी दंडाधिकारी को मानक संचालन प्रक्रियाओं को प्रभावी तरीके से लागू करना अनिवार्य होगा।
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मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर
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अगर आयोजकों ने नियम तोड़े तो आपदा प्रबंधन एक्ट के तहत कानूनी कार्रवाई होगी। यही नहीं, सूबे के मंत्री, सांसद, विधायक कोई भी सार्वजनिक कार्यक्रम नहीं करेंगे। वर्चुअल कार्यक्रम ही किए जा सकेंगे, उसी दौरान विकास योजनाओं के उद्घाटन या शिलान्यास होंगे। मंत्रिमंडल ने कोरोना वायरस की चेन तोड़ने के लिए कंटेनमेंट जोन में सख्ती लागू करने का निर्णय लिया। संक्रमित व्यक्तियों की प्रारंभिक चरण में पहचान के लिए रैंडम सैंपलिंग की जाएगी, ताकि कोरोना आगे ने फैले।
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सुरेश भारद्वाज
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यह निर्णय भी लिया कि सभी मंत्री उन्हें सौंपे गए जिलों में हिम सुरक्षा अभियान का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित करेंगे। अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लेंगे और कोरोना मरीजों का हौसला बढ़ाएंगे। अभियान में महिला मंडलों के अलावा स्वयंसेवकों को भी शामिल करने का निर्णय लिया गया।
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हिमाचल कैबिनेट की बैठक
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कैबिनेट ने अटल टनल रोहतांग की सुरक्षा और इससे संबंधित अन्य मुद्दों के लिए कुल्लू और लाहौल-स्पीति जिला पुलिस बल में टनल की सुरक्षा के लिए यूनिट सृजित करने का निर्णय लिया। इसके लिए विभिन्न श्रेणियों के 64 पद सृजित होंगे, जिसमे कुल्लू और लाहौल-स्पीति जिले में 32-32 पद होंगे। प्रत्येक सिक्योरिटी यूनिट को प्रभावी यातायात प्रबंधन और सुरक्षा के लिए फोर वाई फोर वाहन और एक मोटरसाइकिल मिलेगा।