हिमाचल भर में लघु शिवरात्रि के नाम से प्रसिद्ध जोगिंद्रनगर का पांच दिवसीय देव मेला शुक्रवार को चौहारघाटी के आराध्य देव हुरंग नारायण और वजीर देव पशाकोट तथा अन्य देवताओं की पूजा-अर्चना के साथ शुरू हुआ।
देव मिलन के अद्भुत नजारे से भावुक हुए भक्त, उमड़ा सैलाब
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देव हुरंग नारायण की अगुवाई में जोगिंद्रनगर शहर में धूमधाम से जलेब निकली। वाद्य यंत्रों की धुनों से पूरा शहर गूंज उठा। जलेब में प्रदेश सामान्य उद्योग निगम के उपाध्यक्ष सुरेंद्रपाल ठाकुर ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। विशेष शैली से सजे रथों पर सवार होकर दूर-दराज के क्षेत्रों से जोगिंद्रनगर पहुंचे देवी देवताओं के दर्शनों के लिए शुक्रवार को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी।
इस दौरान एक वर्ष के बाद देव मिलन के अद्भुत नजारे को देख कर हर कोई भावुक हो गया। चौहारघाटी के प्रमुख देवता हुरंग नारायण और पशाकोट की विधिवत पूजा अर्चना के बाद जोगिंद्रनगर देव मेले का शुभारंभ परंपरागत तरीके से हुआ। देव हुरंग नारायण और पशाकोट देवता के साथ आए देवलुओं की नाटी ने जोगिंद्रनगर में समा बांध दिया।
शुक्रवार दोपहर बाद रीतू रंग मंच से जलेब शुरू हुई और जोगिंद्रनगर बाजार होते हुए मेला ग्राउंड पहुंची। जलेब में चौहारघाटी के प्रमुख देवता हुरंग नारायण और देव पशाकोट के साथ करीब आधा दर्जन देवतों के रथ शामिल हुए।
जलेब शुरू होने से पहले मेला कमेटी की ओर से गण्यमान्य अतिथियों को पगड़ी पहनाई गई। देवता रथों के साथ आए देवलुओं और वाद्य यंत्रों की धुनों से जोगिंद्रनगर शहर भक्तिमय हो उठा।