अब सेना भर्ती में दौड़ से पहले भी युवाओं को एक और टेस्ट देना होगा। इसमें सफल युवा ही दौड़ में हिस्सा ले पाएंगे। हिमाचल के बिलासपुर में होने जा रही सेना भर्ती में भी यह टेस्ट लिया जाएगा। आइए जानते हैं क्या है ये टेस्ट-
हिमाचल में होने वाली सेना भर्ती से पहले युवाओं का डोप टेस्ट होगा। अगर कोई युवा दवाइयों के सहारे ग्राउंड पास करने की फिराक में है तो उसे बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा। यदि किसी ने गलती से भी कोई दवाई खाई है तो उसे भी बाहर होना पड़ेगा।
जी हां, चेकअप में पास होने वाले युवाओं को ही मैदान में जाने दिया जाएगा। बिलासपुर के लुहणु मैदान में होने वाली सेना की खुली भर्ती रैली की दौड़ प्रक्रिया से पहले सेना के डॉक्टर भर्ती होने के लिए आने वाले युवाओं की जांच करेंगे। भर्ती रैली स्थल पर इस बार डाक्टरों की विशेष टीम तैनात रहेगी। जो हर आने वाले युवा का टेस्ट लेकर यह पता लगाएगी कि कहीं उसने दवाओं का सेवन तो नहीं किया है।
सात से नौ नवंबर तक बिलासपुर शहर के लुहणू मैदान में होने जा रही इस भर्ती के लिए भी यह व्यवस्था की गई है कि यदि किसी भी युवा ने दवाओं का सेवन किया होगा तो उसका पता चल जाएगा। दवा सेवन की बात साबित होने पर उसे डिसक्वालीफाई कर दिया जाएगा।
भले ही उसने भर्ती के कितने भी चरण पार क्यों न कर लिए हों। लुहणू मैदान में भर्ती के लिए सारे इंतजाम हो चुके हैं। छह नवंबर को रात 11 बजे ही युवाओं को प्रवेश करना होगा। इसके बाद डाक्टरों की टीम इनका चेकअप करेगी।