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बड़ी राहत: श्मशान घाट की ये तस्वीरें बता रही हैं कि बदल रहे हालात, पहले रूह कंपा देती थीं जलती चिताएं
ये तस्वीरें लखनऊ के बैकुंठधाम और गुलालाघाट की हैं। जहां कुछ दिनों पहले तक एक साथ जलती ढेरों चिताओं का मंजर देखकर ही रूह कांप उठती थी। रविवार को यहां के हालात काफी हद तक सुकून देने वाले रहे। खाली पड़े प्लेटफॉर्म बता रहे हैं कि मौतों की संख्या में गिरावट आ रही है।
अगर रविवार की बात करें तो रात आठ बजे तक दोनों घाटों पर यहां 68 शव अंतिम संस्कार के लिए लाए गए थे। जबकि पहले करीब 250 से ज्यादा शव हर रोज दोनों घाटों पर जलाए जा रहे थे।
बैकुंठधाम में हर रोज शवों की संख्या 150 पहुंच गई थी जबकि गुलालाघाट पर लगभग 100 शव हर रोज लाए जा रहे थे। हालांकि, लॉकडाउन लगने के बाद शवों की संख्या में काफी कमी आई है।
बता दें कि लखनऊ में संक्रमितों की संख्या में कमी आ रही है। वहीं, शनिवार को मई में पहली बार मौत का आंकड़ा 20 से नीचे आया था, लेकिन एक दिन बाद यह आंकड़ा फिर बढ़ गया।
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श्मशान घाट
- फोटो : amar ujala
ये लखनऊ के बैकुंठधाम की तस्वीर है। यहां पर हर रोज की तरह ज्यादा शव जलाने के लिए तैयारियां की जाती हैं पर अच्छी बात है कि मौतों की संख्या कम हो रही है।
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- फोटो : amar ujala
गुलालाघाट पर कुछ शव जलाए गए पर संख्या यहां भी कम ही रही।
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- फोटो : amar ujala
बीते दिनों शवों की संख्या इतनी अधिक हो गई थी जलाने के लिए लकड़ियां कम पड़ गई थीं।
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बैकुंठधाम (पुरानी तस्वीर)
- फोटो : amar ujala
ये तस्वीर बीते दिनों की है। जब यहां की जमीन चिता की आग से लगातार गर्म ही रहती थी।
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