{"_id":"5cd5489dbdec22076c4ec952","slug":"lady-got-compensation-from-railway-just-before-her-daughter-s-marriage","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जब बेटी की मैरिज से पहले मिला मुआवजा तो यूं छलक पड़े मां के आंसू , बोलीं- अब आसानी से हो जाएगी शादी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जब बेटी की मैरिज से पहले मिला मुआवजा तो यूं छलक पड़े मां के आंसू , बोलीं- अब आसानी से हो जाएगी शादी
Sat, 11 May 2019 12:33 PM IST
Amulya Rastogi
नीरज ‘अम्बुज’, अमर उजाला, लखनऊ
नीरज ‘अम्बुज’, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: Amulya Rastogi
Updated Sat, 11 May 2019 12:33 PM IST
विज्ञापन
नंदरानी
- फोटो : amar ujala
दो दिन बाद बेटी की शादी है। दावत, दहेज व खरीदारी का लंबा खर्च। पैसों का कोई बंदोबस्त नहीं। पुरानी हाईकोर्ट बिल्डिंग में बृहस्पतिवार को रेल दावा अभिकरण(आरसीटी) की लोक अदालत में सीतापुर की बिसवां निवासी नंदरानी इसी उधेड़बुन में डूबी हुई थी।
विज्ञापन
अचानक देर शाम जब उन्हें पति की मौत के मुआवजे की रकम मिली तो उनके आंसू छलक पड़े। नंदरानी ने बताया कि 2012 में पति नंदराम की मौत ट्रेन से कटकर हो गई थी, इसके बाद आरसीटी में वाद दायर किया था। नंदरानी ने बताया कि दो दिन बाद बिटिया आरती की शादी है, इसलिए जब बृहस्पतिवार को लोक अदालत में बुलाया गया तो उम्मीद बंधी कि सात साल से अटका मुआवजा शायद मिल जाए। पति तो नहीं हैं, लेकिन अब हर्जाने से मिली रकम से बिटिया की शादी आसानी से हो जाएगी।
विज्ञापन
Trending Videos
ट्रेन से गिरकर सिर फटा, मिले 1.30 लाख
अजय
- फोटो : amar ujala
अधिकारियों ने बताया कि आरसीटी लखनऊ में कुल सात हजार मामले लंबित हैं, जोकि देशभर में कुल मामलों का 20 प्रतिशत हैं। लोक अदालत हर तीन से चार महीने के अंतर पर लगाई जाएगी। कानपुर के अजय ने बताया कि मारीपत स्टेशन के पास मुरी एक्सप्रेस से यात्रा के दौरान ट्रेन से गिर गए थे। सिर फटने पर जैसे-तैसे इलाज हुआ, फिर आरसीटी में वाद दायर किया। लोक अदालत से पहली किश्त का 1.30 लाख रुपये का चेक मिला है।