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ट्रेन रेलवे की... ट्रैक रेलवे का... संचालन करने वाला आईआरसीटीसी रेलवे का... तो तेजस निजी कैसे

Mon, 14 Oct 2019 03:34 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Mon, 14 Oct 2019 03:34 PM IST
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Know about corporate train Tejas Express
- फोटो : amar ujala

ट्रेन रेलवे की। ट्रैक रेलवे का। स्टाफ रेलवे का और यहां तक कि तेजस एक्सप्रेस का संचालन कर रही आईआरसीटीसी भी रेलवे का ही अंग है। फिर ट्रेन प्राइवेट कैसे हो गई? ऐसे ही सवालों से पैसेंजर रोजाना दो-चार हो रहे हैं। आईआरसीटीसी अधिकारियों के मुताबिक, पैसेंजरों के लिए यह समझना जरूरी है कि ट्रेन प्राइवेट नहीं कॉरपोरेट है।

Know about corporate train Tejas Express
- फोटो : amar ujala

गत चार अक्तूबर को लखनऊ जंक्शन से नई दिल्ली के बीच तेजस एक्सप्रेस का संचालन शुरू हुआ। ट्रेन जंक्शन से सुबह 6.10 बजे रवाना होकर दोपहर 12.25 बजे नई दिल्ली पहुंच जाती है और वापसी में दोपहर 3.35 बजे चलकर रात 10.05 बजे जंक्शन पहुंचती है। सवा छह घंटे में ट्रेन यात्रा पूरी करती है।

Know about corporate train Tejas Express
- फोटो : amar ujala

लखनऊ-कानपुर पैसेंजर एसोसिएशन के अध्यक्ष एसएस उप्पल ने कहा कि पैसेंजरों को रियायतें न देनी पड़ें, इसलिए तेजस को कॉरपोरेट ट्रेन के तौर पर चलाया जा रहा है। अन्यथा ट्रेन, ट्रैक, स्टाफ वगैरह सब रेलवे का है। ड्राइवर, गार्ड व मेंटेनेंस स्टाफ रेलवे के हैं और तो और आईआरसीटीसी रेलवे की सार्वजनिक क्षेत्र की इकाई यानी पीएसयू है।

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Know about corporate train Tejas Express
- फोटो : अमर उजाला

वहीं, डीआरयूसीसी मेम्बर संजीव कपूर ने कहा कि तेजस एक्सप्रेस को रफ्तार मिल सके इसलिए गोमती एक्सप्रेस जैसी पसंदीदा ट्रेन को फ्लॉप किया जा रहा है। पिछले एक साल में दो सौ से अधिक दिन गोमती कैंसिल रही है। तेजस हाथ घुमाकर कान पकड़ने जैसा मामला है।

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- फोटो : amar ujala

आईआरसीटीसी अधिकारियों का कहना है कि तेजस को रेलवे ने लीज पर दिया है, जिसका कॉमर्शियल रन हो रहा है। पैसेंजरों को जो सुविधाएं तेजस में दी जा रही हैं, वह अन्य ट्रेनों में नहीं मिलतीं। खाने से लेकर सिक्योरिटी और बीमा से लेकर लेटलतीफी में हर्जाना भी देने का प्राविधान है।

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