उत्तर प्रदेश पुलिस में पुलिस अधीक्षक (हेडक्वार्टर) के पद पर तैनात आशुतोष मिश्रा की मां इंद्रावती (91) की हत्या के मामले में पुलिस आसपास ग्रामीणों से पूछताछ में जुटी है। इंद्रावती के संपर्क में रहने वाले लोगों और उनके मोबाइल नंबरों की पड़ताल कर रही है। हालांकि अब तक पुलिस के हाथ कोई ठोस सुबूत नहीं लगा है। घर के आसपास व गांव में सीसीटीवी कैमरा न होने से पुलिस की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
मालीपुर थाना क्षेत्र के रूढ़ा धमरूआ गांव निवासी इंद्रावती का शव रविवार सुबह करीब 10 बजे संदिग्ध परिस्थितियों में उनके घर में मिला था। उनके मुंह से खून बह रहा था और शरीर से जेवर गायब थे। एसपी आशुतोष मिश्रा की तहरीर पर पुलिस ने लूट और हत्या की प्राथमिकी दर्ज की है।
2 of 13
IPS officer mother murder
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
देर रात शव का पोस्टमॉर्टम हुआ था, लेकिन मौत का स्पष्ट कारण सामने नहीं आ सका। हालांकि, शरीर के कुछ हिस्सों पर चोट के निशान मिले हैं। विसरा सुरक्षित रखा गया है। सूत्रों के अनुसार सोमवार को एसओजी, सर्विलांस और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर दोबारा गहन जांच की और मौके से उपलब्ध साक्ष्यों को जुटाने का प्रयास किया।
3 of 13
एसपी की मां की हत्या के बाद मौके पर जमा लोग
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पुलिस टीमों ने ग्रामीणों, रिश्तेदारों और आसपास के गांवों के लोगों से पूछताछ की। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गांव आने के बाद इंद्रावती की किन-किन लोगों से बातचीत हुई थी। संबंधित नंबरों की कॉल डिटेल खंगाली जा रही है।
4 of 13
मालीपुर के रूढ़ा धमरूआ में घटना के बाद जुटी ग्रामीणों की भीड़
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसके अलावा, इंद्रावती के घर आने-जाने वालों तथा घटना से एक दिन पहले उनसे मिलने वालों की भी जानकारी जुटाई जा रही है। इन सभी बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए जांच का दायरा बढ़ाया जा रहा है। देर शाम दो लोगों को थाने ले जाकर पूछताछ की गई।
5 of 13
घटना स्थल का निरीक्षण करके बाहर निकलते डीआईजी सोमेन वर्मा व अन्य अधिकारी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
हमेशा खुला रहता था घर का छोटा दरवाजा
सूत्रों के अनुसार, आशुतोष मिश्रा के घर का छोटा दरवाजा आमतौर पर खुला रहता था। इंद्रावती जब गांव आती थीं तो दालान में ही सोती थीं। ग्रामीणों के बीच उनका काफी सम्मान था, इसलिए सुरक्षा को लेकर भी किसी तरह की विशेष चिंता नहीं थी।