कोरोना काल में काम का दबाव, नौकरी खोने का डर और थकान से युवाओं का मानसिक स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है। इससे युवाओं में स्ट्रेस (तनाव/उदासी) बढ़ रहा है, जिसका असर उनकी सेक्सुअल लाइफ भी पर पड़ रहा है। इस कारण पति-पत्नी के बीच दूरियां बढ़ रही हैं। काफी संख्या में ऐसे युवा हर रोज मनोचिकित्सकों के पास पहुंच रहे हैं।
इस वजह से प्रभावित हो रही युवाओं की सेक्सुअल लाइफ, जानिए डॉक्टर क्या दे रहे हैं सलाह
गोरखपुर जिला अस्पताल के मनोचिकित्सक डॉ. अमित शाही ने बताया कि मानसिक दबाव युवाओं को बुरी तरह से प्रभावित कर रहा है। नतीजा, कई नवविवाहित युवा अपनी सेक्सुअल लाइफ से संतुष्ट नहीं हैं। उनकी शिकायत है कि यौन संबंधों के प्रति उनमें अरुचि हो गई है। जिस कारण पति-पत्नी में विवाद हो रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी स्थिति लगातार बनी रहने पर मरीज के डिप्रेशन (अवसाद) में चले जाने का खतरा रहता है। ऐसे युवाओं को सलाह दी जाती है कि काम करते वक्त थोड़ा आराम करें और तनाव बिल्कुल न लें।
चार केस आ रहे प्रतिदिन
डॉ. अमित शाही ने बताया कि जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन इस तरह के तीन से चार मामले आ रहे हैं। अधिकतर की उम्र 25 से 35 साल के बीच है। इनमें अधिकतर प्राइवेट जॉब करने वाले हैं। हर महीने ऐसे 120 से अधिक युवा मनोचिकित्सक के पास पहुंच रहे हैं।
शारीरिक जांच में सब फिट
डॉ. अमित शाही ने बताया कि यौन संबंधों के प्रति अरुचि की शिकायत करने वाले युवाओं की शारीरिक जांच कराई गई तो वे पूरी तरह से फिट पाए गए। इसके बाद वे और तनाव में आ गए। दवा से ऐसे मामलों में काफी हद तक सुधार हुआ है।
कई महिलाएं मेंटल ट्रामा से पीड़ित
डॉ. अमित शाही ने बताया कि ओपीडी में मेंटल ट्रामा के केस भी आ रहे हैं। ये खासतौर पर महिलाओं से जुड़े हैं। कुछ महिलाएं शादी के बाद शारीरिक संबंध बनाने से इनकार कर रही हैं। ऐसे युवा पत्नी को साथ लेकर आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि ऐसे मामले तब होते हैं, जब बचपन में मानसिक आघात पहुंचा हो। ऐसे मामलों में मरीज के दिमाग में यह रहता है कि उसे कोई छुए नहीं।