रामगढ़ताल स्थित नौकायन के आसपास फिर से जलकुंभी फैल जाने के कारण बोटिंग बंद हो गई है। शुक्रवार को जीडीए और पर्यटन विभाग की तरफ से संचालित होनेवाले मोटरबोट का संचालन नहीं हो सका। बोटिंग के लिए पहुंचे सैकड़ों लोग निराश होकर लौटे।
पूर्वांचल के जुहू चौपाटी से निराश होकर लौटे सैकड़ों पर्यटक, बोले- मौसम का मजा हुआ किरकिरा
जलकुंभी फैलने की जानकारी होने के बाद गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने सफाई शुरू करा दी है। वहीं बोटिंग न कर पाने पर पर्यटकों ने निराश व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आसमान में बादल छाने से मौसम सुहाना हो गया था लेकिन तेज हवा के कारण सारा मजा किरकिरा हो गया।
निषाद नौकायन केंद्र के अमर ने बताया कि बृहस्पतिवार को ताल बिल्कुल साफ था। कुछ किनारों पर थोड़ी जलकुंभी दिख रही थी। पूरे दिन मोटरबोट भी संचालित हुई। मगर शुक्रवार की सुबह ताल के किनारे नौकायन से लेकर सर्किट हाउस के आगे तक जलकुंभी का अंबार लग गया।
कहा कि जेट्टी के चारों तरफ भी जलकुंभी होने से न तो मोटर बोट का संचालन हो सका न ही पैडल बोट का। जीडीए सचिव राम सिंह गौतम का कहना है कि जलकुंभी की सफाई कराई जा रही है। शनिवार तक साफ हो जाने की उम्मीद है।
बृहस्पतिवार की आधी रात से पूरब की तरफ से हवा चलने की वजह से मुश्किलें और बढ़ गईं। चारों तरफ की जलकुंभी आकर जेट्टी समेत सर्किट हाउस सड़क से सटे ताल के किनारे जमा हो गई।