दूसरी शादी के बाद नहीं हुआ बच्चा तो किया मासूम का अपहरण
बच्चे की चाह में एक दंपति ने पड़ोसी के ढाई साल के बेटे का अपहरण कर लिया, लेकिन एक सप्ताह के भीतर दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने दंपति को खोज निकाला। आरोपियों के पास से मासूम सकुशल मिल गया। आरोपियों की पहचान कमलेश कुमार उर्फ लक्ष्मण (28) और हेमा (30) के रूप में हुई है। दंपति के कोई बच्चा नहीं है।
दूसरी शादी के बाद नहीं हुआ बच्चा तो किया मासूम का अपहरण
बच्चे की चाह में मासूम को अगवा कर इसे लेकर दोनों बिहार भी पहुंचे, लेकिन पुलिस के डर से वापस दिल्ली आ गए। दिल्ली से पुलिस ने आरोपियों को दबोच लिया। अब पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है। अपराध शाखा के संयुक्त आयुक्त रविंद्र यादव ने बताया कि 20 सितंबर को पेशे से बस कंडेक्टर, वसंत कुंज निवासी जयप्रकाश ने अपने ढाई साल के बेटे के अपहरण की सूचना पुलिस को दी थी।
दूसरी शादी के बाद नहीं हुआ बच्चा तो किया मासूम का अपहरण
उसने अपने पड़ोस में ही किराए पर रहने वाले कमलेश और हेमा पर बच्चे के अपहरण का आरोप लगाया था। लोकल पुलिस के अलावा अपराध शाखा ने मामले की छानबीन शुरू की। इंस्पेक्टर, अरविंद कुमार, एसीपी केपीएस मल्होत्रा, डीसीपी भीष्म सिंह की टीम ने छानबीन शुरू की। टेक्नीकल सर्विलांस के आधार पर पुलिस को दंपति की लोकेशन छपरा बिहार की मिली।
दूसरी शादी के बाद नहीं हुआ बच्चा तो किया मासूम का अपहरण
एक टीम बिहार रवाना की गई तो आरोपी दंपति दिल्ली भाग आए। इस बीच रविवार शाम को कनाट प्लेस इलाके में सेंट्रल पार्क से दंपति को दबोचकर बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया। हेमा ने बताया कि उसकी पूर्व में लक्ष्मण नामक शख्स से शादी हुई थी। लक्ष्मण से उसे दो बच्चे हुए थे। उसी दौरान उसकी बच्चेदानी निकाल दी गई थी। इस बीच उसे कमलेश से प्यार हो गया।
दूसरी शादी के बाद नहीं हुआ बच्चा तो किया मासूम का अपहरण
2012 में उसने कमलेश के साथ भागकर शादी कर ली। अब उसे अकेलापन महसूस होने लगा। मई 2015 में कमलेश व हेमा ने वसंतकुंज में किराए का कमरा लिया। इनकी बिल्डिंग में जयप्रकाश रहता था। जयप्रकाश के परिवार से नजदीकियां बढ़ाने के बाद 20 सितंबर को हेमा व कमलेश बच्चे को घुमाने के बहाने घर से ले गए और बिहार चले गए।