फरवरी में कोरोना के मामले कम हो गए थे, लेकिन मार्च के पहले सप्ताह से ही वायरस तेजी से पांव पसार रहा है। यह वायरस के बदले स्वरूप (म्यूटेशन) के कारण हुआ है। राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) की मॉलीक्यूलर डायग्नोस्टिक एंड रिसर्च लेबोरेटरी के साइंटिस्ट सी (रिसर्च ऑफिसर) डॉ. रवि कुमार चौधरी ने संस्थान में चल रहे शोध के हवाले से कई बड़ी जानकारियां दी हैं कि आखिर क्यों इतना तेजी से कोरोना पूरे देश में बढ़ रहा है। आगे जानें शोध में क्या-क्या पता चला...
कोरोना पर बड़ा शोध : कोरोना के बदले स्वरूप को पहचान नहीं पा रही एंटीबॉडी, कांटे जैसे दिखने वाले स्पाइक्स में बदलाव
संदीप वर्मा, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Wed, 14 Apr 2021 01:03 PM IST
सार
राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) की मॉलीक्यूलर डायग्नोस्टिक एंड रिसर्च लेबोरेटरी के साइंटिस्ट सी (रिसर्च ऑफिसर) डॉ. रवि कुमार चौधरी ने संस्थान में चल रहे शोध के हवाले से कई बड़ी जानकारियां दी हैं कि आखिर क्यों इतना तेजी से कोरोना पूरे देश में बढ़ रहा है। आगे जानें शोध में क्या-क्या पता चला...
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