कोरोना संकट से जूझ रहे दिल्ली-एनसीआर वासियों को अभी राहत भी नहीं मिली थी कि शनिवार को टिड्डी के रूप में नई मुसीबत सामने आ गई। टिड्डी दल ने शनिवार को पहले झज्जर फिर गुरुग्राम, पटौदी, दिल्ली, ग्रेटर नोएडा और फरीदाबाद में धावा बोल दिया। गुरुग्राम पहाड़ी के रास्ते शहर पहुंची टिड्डियों से आसामान में चारों तरफ टिड्डियां ही टिड्डियां नजर आ रही थी। इसके वजह से लोग अपने घरों में छिप गए। आगे जानिए लोगों ने इसे भगाने का प्रयास कैसे किया और कहां कितना नुकसान हुआ....
दिल्ली-एनसीआर में टिड्डी दल का हमला, गुरुग्राम के रास्ते दिल्ली फिर ग्रेटर नोएडा और फरीदाबाद पहुंचा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हालांकि कृषि क्षेत्र पर इनका कोई असर देखने को नहीं मिला। टिड्डियों को भगाने के लिए लोगों ने बर्तन, बम पटाखे फोड़ने के साथ ही साथ डीजे बजाए। इससे टिड्डियां नोएडा की ओर मुड़ गई। इनसे निपटने के लिए कृषि विभाग ने भी कमर कस ली है। कृषि विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यदि टिड्डी दल वापस लौटकर आता है तो उससे निपटने के लिए विभाग ने अपनी पूरी तैयारी कर ली है।
राजस्थान के कई जिलों में पिछले डेढ़ महीनों में टिड्डी दलों ने किसानों की फसलों पर कहर बरपा कर चौपट कर दिया है। इसके मद्देनजर किसान और सरकार सभी चिंतित हैं। फरीदाबाद में शनिवार दोपहर टिड्डियों का दल पहुंच गया है। गुरुग्राम से पहाड़ी से सूरजकुंड, मेवला महाराजपुर, सेक्टर-27,28,29,30, 31 में दोपहर लाखों की संख्या में टिड्डियां पहुंच गई हैं। यहां इन टिड्डियों ने पेड़ों के पत्तों को खाना शुरू कर दिया है। टिड्डियों को भगनाने के लिए लोगों ने तेज आवाज में डीजे, बर्तन और पटाके फोडे। इससे टिड्डियां यमुनापार कर नोएडा की तरफ निकल गई।
ग्रेटर फरीदाबाद के कई गांवों में बोला धावा
शहरी क्षेत्र के बाद टिड्डी दल ग्रेटर फरीदाबाद के गांव रिवाजपुल, अमीपुर, मंझावली, जसाना आदि की तरफ पहुंचा। टिड्डियों को देखकर किसानों की चिंता बढ़ गई। हालांकि कृषि विभाग द्वारा गांव में पहले से मुनादी कराए जाने से किसान जागरुक दिखाई दिए।
आसमान में धूल के गुबार की तरह उड़ती दिखी टिड्डियां
फरीदाबाद पहुंची टिड्डियों को देख किसानों के चेहरे का रंग उड़ गया है। खेतों में तैयार फसल की तरफ देखकर किसान टिड्डियों के कारण होने वाले नुकसान को लेकर चिंतित दिखे। सुबह करीब 10 बजे से ही गुरुग्राम में टिड्डियों के आने की खबर सुनते ही शहर के किसानों की हवाइयां उड़ने लगी। दोपहर होते होते बल्लभगढ़ व ग्रेटर फरीदाबाद के किसानों की चिंता ओर अधिक बढ़ गई। यमुना के साथ लगते गांव में सब्जियां खेतों में तैयार हैं। गांव वजीरपुर के किसान बालकिशन ने बताया कि उनके गांव में तोरई, टमाटर, खीरा, भिंडी आदि की फसल तैयार है हालांकि ज्यादातर जमींदारों ने अपने खेत छोटे किसानों को बटाई पर दे रखे हैं, मगर टिड्डियों की वजह से ग्रामीण चिंतित दिखे।