कोरोना जैसी वैश्विक महामारी से जहां दुनिया भर के देशों के विकास की रफ्तार रुक गई, वहीं लोगों की जीवन शैली में भी इससे बड़ा बदलाव आया है। कोरोना महामारी के कारण ही इसी साल २4 मार्च से देश भर में लगाए गए लॉकडाउन और फिर अनलॉक के बाद लोगों के रहन-सहन और खानपान में काफी अंतर आया है। इन पांच माह के दौरान ही जैसे दुनिया बदल गई। लॉकडाउन के बाद अब शुरू हुए अनलॉक में जीवन सामान्य तो होने लगा है, मगर कोरोना का असर अभी भी साफ नजर आता है। सामाजिक दूरी के साथ ही लोगों के चेहरे पर अब मास्क ने जगह ले ली है। मंदिरों में टेंप्रेचर मापने के बाद ही लोगों को प्रवेश मिल पाता है। शहर के कई ऐसे चर्चित स्थान हैं, जहां लॉकडाउन से पूर्व जबरदस्त भीड़ रहती थी। वर्तमान में हालत यह है कि यह सभी चर्चित स्थल आजकल सूने पड़े रहते हैं।
कोरोना ने किए बेजार...पांच माह पहले रहते थे गुलजार, तस्वीरों में देखें फरीदाबाद का हाल
सेक्टर-12 कर टाउनपार्क:
पहले- शहर के पॉश सेक्टर-12 में स्थित टाउन पार्क शहरवासियों के लिए एक बड़ा पिकनिक स्पॉट के रूप में चर्चित था। वीकेंड पर शहर के ज्यादातर परिवार यहां मौज-मस्ती के लिए पहुंचते थे। हरी-हरी घास और झूले बच्चों को भी काफी पंसद आते थे। वीकेंड पर यहां जैसे मेला सा लगता था। ऐसे में यहां खान-पान दुकानदारों की भी चांदी रहती थी।
अब- कोरोना महामारी का असर सेक्टर-12 के इस टाउनपार्क पर पड़ा। सुबह-शाम और प्रत्येक वीकेंड पर भीड़ से गुलजार रहने वाले टाउनपार्क में अब ज्यादातर सूना ही पड़ा रहता है। इक्का-दुक्का ही लोग आते भी हैं तो मुंह पर मास्क लगाकर सामाजिक दूरी का पालन करते हुए अलग-थलग से दिखते हैं।
महारानी वैष्णो देवी मंदिर:
पहले- एनआईटी-2 में तिकोना पार्क के पास स्थित महारानी वैष्णो देवी मंदिर आसपास के जिलों में भी खासा चर्चित है। मंदिर की मान्यता के कारण ही प्रतिदिन लोग यहां बड़ी संख्या में माता वैष्णो देवी के दर्शनों के लिए पहुंचते थे। लोगों की भारी भीड़ के मद्देनजर ही एनआईटी के मुख्य मार्ग पर स्थित इस मंदिर के बाहर श्रद्धालुओं की लाइन लगवाने के लिए लोहे की एंगल लगाई गईं थीं, जोकि हमेशा ही श्रद्धालुओं से खचाखच भरी रहती थीं।
अब- 24 मार्च से शुरू हुए लॉकडाउन के पास से ही सभी प्रकार के धार्मिक स्थलों को भी पूरी तरह से बंद कर दिया गया था। इनमें किसी भी श्रद्धालु को जाने की अनुमति नहीं थी। मौजूदा समय में अनलॉक शुरू होने के बाद बीती 12 अगस्त से जन्माष्टमी पर धार्मिक स्थलों को श्रद्धालुओं के लिए खोला गया है, मगर वर्तमान में श्रद्धालुओं की भीड़ से लबरेज इस मंदिर में भी अब सीमित संख्या में ही श्रद्धालु पहुंचते हैं।
एनआईटी-एक मार्केट
पहले- एनआईटी-एक बाजार शहर का प्रमुख बाजार है। कपड़ा, इलेक्ट्रोनिक के साथ ही अन्य कई आइटम के बड़े शोरूम इसी मार्केट में हैं। लॉकडाउन से पहले इस मार्केट में प्रतिदिन लाखों की संख्या में यहां लोग खरीदारी को पहुंचते थे। ऐसे में बाजार भीड़ से गुलजार रहता था। भीड़ इस कदर होती थी जैसे वाहनों का नहीं, बल्कि इंसानों का जाम लगता हो।
अब- अनलॉक-एक में ही बाजारों को कुछ शर्तों के साथ खुलने की अनुमति दी गई थी। शुरूआत में मार्केट लेफ्ट-राइट नियम के अनुसार खुलती थी। इसके बाद अनलॉक-दो और तीन में मार्केट खुलने के नियमों में कुछ ढील दी गई। इसके बावजूद यह बाजार पांच माह पहले की तरह आज तक गुलजार नहीं हो सका है।