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मिलिए पांच लाख के 'सुल्तान' से, जानिए क्या हैं इसकी खूबियां
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
Updated Sun, 19 Aug 2018 09:24 PM IST
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सुल्तान
- फोटो : अमर उजाला
जामा मस्जिद के बकरा बाजार में अलवरी नस्ल का सुल्तान आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। करीब 200 किलो ग्राम के इस बकरे के मालिक कय्यूम उसके पांच लाख रुपये कीमत रखी है। वहीं, सीलमपुर से आए लक्की और सनी की दबंग जोड़ी भी बाजार में शोभा बढ़ा रहे हैं। इनकी भी कीमत पांच लाख रुपये रखी गई है। इसी तरह, कुदरती रूप से अरबी में अल्लाह, मोहम्मद लिखे होने का दावा कर बकरों की मोटी रकम मांगी जा रही है।
जामा मस्जिद पर लगी बकरा मंडी
- फोटो : अमर उजाला
बकरा कारोबारियों का कहना है कि इस बार बाजार में बकरे ज्यादा हैं लेकिन खरीदार नहीं पहुंच रहे हैं। मेवात से सुल्तान को लेकर आया अब्दुल कय्यूम का कहना है कि करीब दो साल का सुल्तान सुबह-शाम पांच किलो दूध पीता है। साथ ही रोज एक किलो बादाम व अन्य ड्राई फ्रूट खाता है। इसके अलावा पांच किलो दाना और 10 किलो चारा दिया जाता है। सुल्तान को लोग दूर-दूर से देखने आ रहे हैं। वहीं, सीलमपुर के कारोबारी सलीम का कहना है कि उनके बकरों की सही कीमत इस साल नहीं मिली तो वह उन्हें वापस लेकर चले जाएंगे।
जामा मस्जिद पर लगी बकरा मंडी
- फोटो : अमर उजाला
मेवात से आए बकरा कारोबारी नसीम ने बताया कि हर साल मेवात से बकरे मुंबई व अन्य बड़े शहरों में जाते हैं, लेकिन कुछ समय से कारोबारियों में भय है। इसकी वजह से वह दिल्ली-एनसीआर में ही बकरे बेचने के लिए निकले हैं। ज्यादातर मेवात से कारोबारी दिल्ली आ गए हैं। इसकी वजह से बाजार में बकरे तो हैं, लेकिन खरीदार कम हैं। बाजार में अलवरी, मेवाती, देसी, बरबरे, पंजाबी और दोगले बकरों की खूब डिमांड है। भेड़ और दुंबे भी बाजार में लाए गए हैं। वहीं सीलमपुर, सीमापुरी, जामिया नगर, ओखला और दिल्ली के बाकी बाजारों में भी लोग कुर्बानी के लिए बकरे खरीदने जा रहे हैं।
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जामा मस्जिद पर लगी बकरा मंडी
- फोटो : अमर उजाला
पैगंबर इब्राहिम कुर्बानी को किया जाता है याद
बुधवार को ईद-उल-जुहा या बकरीद मनाई जाएगी। जबकि अरब देशों समेत यूरोप के देशों में बकरीद मंगलवार को मनाई जाएगी। जामिया मिलिया में मस्जिद के इमाम अब्दुल रहीम ने बताया कि पैगंबर इब्राहिम से खुदा ने अपनी सबसे प्यारी चीज की कुर्बानी मांगी। पैगंबर इब्राहिम ने अपने प्यारे बेटे इस्माइल को जैसे ही कुर्बानी के लिए चले, खुदा ने इस्माइल की जगह भेड़ को भेज दिया। हर साल उन्हीं की याद में बकरीद या ईद-उल-जुहा मनाया जाती है।
बुधवार को ईद-उल-जुहा या बकरीद मनाई जाएगी। जबकि अरब देशों समेत यूरोप के देशों में बकरीद मंगलवार को मनाई जाएगी। जामिया मिलिया में मस्जिद के इमाम अब्दुल रहीम ने बताया कि पैगंबर इब्राहिम से खुदा ने अपनी सबसे प्यारी चीज की कुर्बानी मांगी। पैगंबर इब्राहिम ने अपने प्यारे बेटे इस्माइल को जैसे ही कुर्बानी के लिए चले, खुदा ने इस्माइल की जगह भेड़ को भेज दिया। हर साल उन्हीं की याद में बकरीद या ईद-उल-जुहा मनाया जाती है।
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जामा मस्जिद पर लगी बकरा मंडी
- फोटो : अमर उजाला
बाजारों में नहीं इस बार अच्छे इंतजाम
दूर दराज से दिल्ली बकरे लेकर आए कारोबारी प्रशासन के इंतजाम से नाराज दिखे। उनका कहना है कि 15 अगस्त को दोपहर बाद उन्हें बकरे लाने की अनुमति दी गई। बकरा बाजार में लगाए गए टेंट फटे हुए हैं। हल्की बारिश से टेंट से पानी टपकने लगता है। ऐसे में कई बकरे बीमार भी हो गए हैं। बाजार में बारिश का पानी निकलने का इंतजाम नहीं है। बारिश होते ही यहां कीचड़ हो जाती है। लोगों ने प्रशासन से वहां की व्यवस्था सुधारने की बात की।
दूर दराज से दिल्ली बकरे लेकर आए कारोबारी प्रशासन के इंतजाम से नाराज दिखे। उनका कहना है कि 15 अगस्त को दोपहर बाद उन्हें बकरे लाने की अनुमति दी गई। बकरा बाजार में लगाए गए टेंट फटे हुए हैं। हल्की बारिश से टेंट से पानी टपकने लगता है। ऐसे में कई बकरे बीमार भी हो गए हैं। बाजार में बारिश का पानी निकलने का इंतजाम नहीं है। बारिश होते ही यहां कीचड़ हो जाती है। लोगों ने प्रशासन से वहां की व्यवस्था सुधारने की बात की।