बड़े सरकारी अधिकारियों पर रौब गांठने वाली फर्जी आईएफएस जोया खान ने बृहस्पतिवार रात लुक्सर जेल में आम महिला कैदियों के साथ रात गुजारी। इस दौरान जोया गुमसुम दिखाई दी और उसने किसी से बातचीत नहीं की। उसने किसी भी खास चीज की मांग नहीं की। अब उसके बारे में खुलासा हुआ है कि उसकी मेरठ वाली कोठी में पुलिस का एस्कॉर्ट रूम था। यही नहीं उसके बारे में कई और भी बड़े खुलासे भी हुए हैं...
जिस फर्जी आईएफएस जोया की कोठी में था पुलिस का एस्कॉर्ट रूम, आज खानी पड़ रही जेल की रोटी
फर्जी आईएफएस जोया खान की आलीशान कोठी मेरठ कैंट स्थित तिवारी कंपाउंड में है। जहां पर उसकी फैमिली भी रहती है। जोया खान की कोठी में पुलिस का एस्कॉर्ट रूम बना है, जिसमें पुलिस अक्सर आराम किया करती थी। आईएएस और आईपीएस अधिकारियों के बंगले की तरह ही जोया की कोठी पर पुलिस का पहरा होता था। जोया के फर्जीवाडे़ में उसका परिवार भी गुनहगार है। पुलिस मानती कि बेटी के आगे-पीछे पुलिस घूम रही है। लेकिन कभी क्या परिवार ने पूछा नहीं कि आखिर उसको कौन सा अधिकार है।
कोठी में वीआईपी अंदाज
एस्कॉर्ट में चलने वाले पुलिसकर्मी कहते हैं कि जोया की कोठी में सारे वीआईपी अंदाज थे। जोया से कौन मिलने जाएगा, पुलिस को क्या करना है और खाने-पीने की क्या व्यवस्था है, इनकी अलग-अलग व्यवस्था बनाने के लिए कोठी में नौकर लगे थे। जोया की नीली बत्ती लगी एसयूवी गाड़ी जैसे ही कोठी में आती थी, तुरंत पुलिस की एक गाड़ी वहां लग जाती थी। पुलिस कर्मी उसको हमेशा प्रधानमंत्री की सिक्योरिटी में प्रमुख सचिव समझकर सेल्यूट करते थे।
क्लीनिक नहीं पहुंचा पिता
जोया का पिता डॉ. अयूब खान का लालकुर्ती बड़ा बाजार में खान क्लीनिक है। लोगों ने डॉ. खान की लालकुर्ती इलाके में आम शोहरत अच्छी बताई है। बेटी जोया की गिरफ्तारी के बाद तीन दिन से अयूब अपने क्लीनिक पर नहीं पहुंचा। कंपाउंडर सलीम ने बताया है कि डॉ. खान से तीन दिन से संपर्क नहीं हुआ है। जोया को लेकर अलग-अलग चर्चाएं हैं। तीन दिन से कोठी में भी सन्नाटा पसरा है। पुलिस शुक्रवार को जोया की कोठी पर पहुंची थी। लेकिन वहां कोई नहीं मिला।
दिल्ली-एनसीआर में थे कई ठिकाने
पुलिस के मुताबिक जोया खान के दिल्ली-एनसीआर में कई ठिकाने थे। कई फ्लैट जोया ने किराये पर ले रखे हैं। दिल्ली-एनसीआर में जोया के कई गोरखधंधे भी बताए गए हैं। उसकी पुलिस जांच करने में जुटी है। पुलिस का कहना है कि जोया और उसके पति के बहुत महंगे खर्च थे। वह कैसे पूरे होते थे, इसकी जांच करना भी बेहद जरूरी है।