मुंडका इलाके की घटना ने कई लोगों को अपनों को हमेशा के लिए जुदा कर दिया है। कई परिजन अभी भी अपनों की तलाश में भटक रहे हैं। इस कड़ी में एक जोड़ा ऐसा भी है, जिनकी शादी पांच महीने बाद होने वाली थी, लेकिन अनहोनी ने मंगेतर को बंधन में बंधने से पहले ही अलग कर दिया।
Delhi Fire: किसी की सूनी हुई गोद तो किसी का उजड़ा सुहाग, परिजन बने जिंदा लाश, इनके दर्द को सुनने के लिए कलेजा चाहिए
अपने बेटे की तलाश में राजरानी अन्य पीड़ित परिवार की तरह गुम-सुम नजर आई। अस्पताल का एक कोना पकड़कर बैठी मां अपने बेटे से मिलने के लिए बार-बार रोती हुई नजर आई। राजरानी ने कहा कि बेटा नरेंद्र दो सालों से फैक्टरी में सीसीटीवी कैमरा पैक करने का काम करता था। बेटे ने किसी का कुछ नहीं बिगाड़ा था, लेकिन इसके बाद भी बेटे का कुछ पता नहीं चल रहा है। डॉक्टर कह रहे हैं कि डीएनए जांच के बाद ही शवों का शिनाख्त हो सकेगी।
निशा की माता शनिवार को दिन भर रोते बिलखते हुए अपने बेटी की तस्वीर लिए इधर-उधर भटकती हुई नजर आई। माता मीरा देवी ने बताया कि छह बेटियों व एक बेटे में निशा इकलौती कमाने वाली बेटी थी। आठ घंटे की नौकरी कर घर का खर्च चलाती थी और परिवार की जरूरतें पूरा करती थी। इमारत की आग ने मेरी बेटी को मुझसे अलग कर दिया है। न ही डॉक्टर कुछ बता रहे हैं और न ही पुलिस कुछ कह रही है।
बिहार के पटना से पहुंची मां सिल्लु देवी भी रोते हुए अपनी बेटी स्वीटी को ढूंढते हुए दिल्ली के अस्पतालों में धक्के खाते हुए संजय गांधी अस्पताल की मोर्चरी में पहुंची। लेकिन, उन्हें उनकी बेटी का कुछ पता नहीं चला। सिल्लु देवी ने कहा कि उसकी सहेली इमारत का शीशा तोड़कर कूद गई थी, जिसके बाद स्वीटी को कूदने के लिए कहा। बेटी हिम्मत करने के बाद इमारत से कूद गई थी और कमर की चोट से घायल हो गई थी। घटना की सूचना मिलते ही बिहार से दिल्ली पहुंची हूं, लेकिन अब यहां बेटी को लेकर कोई भी जानकारी नहीं दे रहा है। नेता व अधिकारी एक दूसरे पर जवाबदेही बना रहे हैं। सिल्लु देवी ने अस्पताल पहुंचे सांसद हंसराज हंस के आगे गिड़गिड़ाकर बेटी की भी गुहार भी लगाई।
इमारत में बीते 10 वर्षों से मोहिनी भी काम करती थी। वर्तमान में वह सेल्स मैनेजर के तौर पर काम कर रही थीं। मोहिनी के पड़ोसी अकाश ने बताया कि मोहिनी के पति विजय पाल एक निजी एयरलाइंस में इलेक्ट्रीशियन के तौर पर कार्यरत हैं। विजय ने हाल ही में शादी की सालगिरह पर पत्नी को कड़ा दिया था। इसी के आधार पर मोर्चरी में शव की पहचान हो सकी। घटना के बाद से पति विजय स्तब्ध है।