फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

मारुति कंपनी के महाप्रबंधक को जिंदा जला देने वाले 31 कर्मचारियों पर गिरा कोर्ट का कहर

Fri, 10 Mar 2017 06:23 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, गुरुग्राम
टीम डिजिटल/अमर उजाला, गुरुग्राम Updated Fri, 10 Mar 2017 06:23 PM IST
विज्ञापन
2012 maruti plant violence: full story of violence and death of HR manager
maruti - फोटो : अमर उजाला

साल 2012 में मानेसर स्थित मारुति सुजुकी के प्लांट में भड़की हिंसा और उसके बाद हुई आगजनी मामले में कोर्ट ने आज 148 आरोपियों में से 31 लोगों को दोषी करार दे दिया है। अन्य को कोर्ट ने रिहा कर दिया। आइए जानते हैं 2012 में कैसे भड़की थी वो हिंसा जिसने बाद में प्लांट के महाप्रबंधक की जान ले ली थी। (सभी फोटोः ज‌ितेंद्र राठी/अमर उजाला)

2012 maruti plant violence: full story of violence and death of HR manager
जला हुआ मारुत‌ि प्लांट - फोटो : REUTERS
गौरतलब है ‌क‌ि उस साल प्लांट का सुपरवा‌इजर कम वेतन पर अस्थाई कर्मचार‌ियों की भर्ती कर रहा था ज‌िसकी वजह से प्लांट में पहले से कार्यरत श्र‌म‌िक नाराज थे। इसी कारण एक श्रम‌िक और सुपरवाइज के बीच व‌िवाद हो गया। जो बाद में खूनी ह‌िंसा में तब्दील हो गई।
2012 maruti plant violence: full story of violence and death of HR manager
maruti

बेरहमी से पिटाई के बाद जिंदा जले थे जीएम
मानेसर के मारुति कारखाने में बुधवार शाम श्रमिकों की मारपीट व आगजनी के बाद मिला शव कंपनी के महाप्रबंधक [एचआर] अवनीश कुमार देव का निकला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनके जिंदा जलने की बात सामने आई। शव की पहचान महाप्रबंधक के साले ने होठ, दांत और झुलसने बचे गाल के थोड़े से हिस्से पर निशान देखकर की।

विज्ञापन
विज्ञापन
2012 maruti plant violence: full story of violence and death of HR manager
maruti

गौरतलब है क‌ि श्रमिक व सुपरवाइजर के बीच साल 2012 में विवाद हुआ था तो उसके बाद यूनियन नेताओं के भड़काने पर श्रमिकों के तांडव के बाद से महाप्रबंधक अवनीश कुमार लापता थे। उसी द‌िन रात करीब साढ़े नौ बजे पुलिस ने पेंट शॉप से एक जला शव बरामद किया था। तभी कयास लगाए जा रहे थे कि शव अवनीश का हो सकता है। पुष्टि अगले द‌िन अपराह्न साढ़े तीन बजे डीसीपी महेश्वर दयाल ने की।

विज्ञापन
2012 maruti plant violence: full story of violence and death of HR manager
maruti

मूल रूप से अवनीश एजी कॉलोनी, कडरू, रांची के रहने वाले थे। वह दिल्ली के मालवीय नगर स्थित शिवालिक पार्क में रहते थे। पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर दीपक माथुर ने बताया था कि अवनीश के दोनों पैर टूटे थे। उनके पेट व सिर में भी चोट थी। इससे पता चलता है कि उनकी बेरहमी से पिटाई की गई थी। लेकिन मौत आग में जलने से हुई।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed