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देखिए, एक ऐसा गुरुद्वारा, जिसके नाम में मंदिर, नींव रखी एक मुस्लिम ने

Sun, 04 Jun 2017 09:13 AM IST
amarujala.com- Presented by: रिशु राज सिंह
amarujala.com- Presented by: रिशु राज सिंह Updated Sun, 04 Jun 2017 09:13 AM IST
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True history of Amritsar Golden temple
पंजाब के अमृतसर में स्थित गुरुद्वारा श्री हरिमन्दिर साहिब
क्या आप जानते हैं कि पंजाब में एक ऐसा मुख्य गुरुद्वारा है, जिसके नाम में मंदिर है और जिसकी नींव एक मुस्लिम ने रखी थी। तस्वीरों में देखिए, ये रिपोर्ट
True history of Amritsar Golden temple
Golden Temple of Amritsar
ये धर्मस्थल है पंजाब के अमृतसर में स्थित गुरुद्वारा श्री हरिमन्दिर साहिब। यूं तो यह सिखों का गुरुद्वारा है, लेकिन इसके नाम में मंदिर शब्द का जुड़ना यह स्पष्ट करता है कि हमारे देश में सभी धर्मों को एक समान माना जाता है। इसे दरबार साहिब या स्वर्ण मन्दिर भी कहा जाता है। पूरा अमृतसर शहर स्वर्ण मंदिर के चारों तरफ बसा हुआ है। अमृतसर का नाम वास्तव में उस सरोवर के नाम पर रखा गया है जिसका निर्माण गुरु राम दास ने स्वयं अपने हाथों से किया था। 
True history of Amritsar Golden temple
Golden Temple of Amritsar
इतना ही नहीं, श्री हरमंदिर साहिब की नींव भी एक मुसलमान ने ही रखी थी। इतिहास के मुताबिक सिखों के पांचवें गुरु अर्जुन देव जी ने लाहौर के एक सूफी संत साईं मियां मीर जी से दिसंबर, 1588 में गुरुद्वारे की नींव रखवाई थी। लगभग 400 साल पुराने इस गुरुद्वारे का नक्शा खुद गुरु अर्जुन देव जी ने तैयार किया था। यह गुरुद्वारा शिल्प सौंदर्य की अनूठी मिसाल है।

इसकी नक्काशी और बाहरी सुंदरता देखते ही बनती है। गुरुद्वारे के चारों ओर दरवाजे हैं, जो चारों दिशाओं (पूर्व, पश्चिम, उत्तर, दक्षिण) में खुलते हैं। यहां हर धर्म के अनुयायी का स्वागत किया जाता है। श्री हरिमन्दिर साहिब परिसर में दो बड़े और कई छोटे-छोटे तीर्थस्थल हैं।
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True history of Amritsar Golden temple
Golden Temple of Amritsar
ये सारे तीर्थस्थल जलाशय के चारों तरफ फैले हुए हैं। इस जलाशय को अमृतसर, अमृत सरोवर और अमृत झील के नाम से जाना जाता है। पूरा स्वर्ण मंदिर सफेद संगमरमर से बना हुआ है और इसकी दीवारों पर सोने की पत्तियों से नक्काशी की गई है। हरिमन्दिर साहिब में पूरे दिन गुरबाणी (गुरुवाणी) की स्वर लहरियां गूंजती रहती हैं। सिक्ख गुरु को ईश्वर तुल्य मानते हैं। स्वर्ण मंदिर में प्रवेश करने से पहले वह मंदिर के सामने सर झुकाते हैं, फिर सी‍ढ़ि‍यों से मुख्य मंदिर तक जाते हैं।
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True history of Amritsar Golden temple
पंजाब के अमृतसर में स्थित गुरुद्वारा श्री हरिमन्दिर साहिब
सीढ़ि‍यों के साथ-साथ स्वर्ण मंदिर से जुड़ी हुई सारी घटनाएं और इसका पूरा इतिहास लिखा हुआ है। श्री हरिमन्दिर साहिब में अनेक तीर्थस्थान हैं। इनमें से बेरी वृक्ष को भी एक तीर्थस्थल माना जाता है। इसे बेर बाबा बुड्ढा के नाम से जाना जाता है। कहा जाता है कि जब स्वर्ण मंदिर बनाया जा रहा था तब बाबा बुड्ढा जी इसी वृक्ष के नीचे बैठे थे और मंदिर के निर्माण कार्य पर नजर रखे हुए थे। यहां चौबीस घंटे लंगर चलता है।
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