{"_id":"59da1e474f1c1b98678b4a2a","slug":"religion-important-things-related-to-women-in-karva-chauth","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"करवाचौथ स्पेशल: जानें कब निकलेगा चांद, इन बातों का भी ध्यान जरूर रखें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
करवाचौथ स्पेशल: जानें कब निकलेगा चांद, इन बातों का भी ध्यान जरूर रखें
टीम डिजीटल/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 08 Oct 2017 06:53 PM IST
विज्ञापन
Karwa Chauth 2017
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
करवा चौथ के खास मौके पर अमर उजाला आपको कुछ ऐसे 5 आसान कामों के बारे में बताने जा रहा है कि अगर उनका पालन किया जाए तो महिलाओं को उनके व्रत का फल जरूर मिलेगा।
Karwa Chauth 2017
चंडीगढ़ के सेक्टर-30 के श्री महाकाली मंदिर स्थित भृगु ज्योतिष केंद्र के प्रमुख बीरेंद्र नारायण मिश्र ने बताया कि करवा चौथ पर चंद्रमा रात आठ बजकर 13 मिनट पर निकलेगा। नौ अक्तूबर दिन सोमवार को चतुर्थी तिथि दोपहर में दो बजकर 17 मिनट पर समाप्त हो रही है।
Karwa Chauth 2017
सुहागन पहनें लाल कलर के कपड़े
इस दिन महिलाओं का यह व्रत उनके पति से जुडा हुआ होता है। इसी कारण महिलाओं को लाल रंग के कपड़े पहनना चाहिए। आप चाहे तो इस दिन अपनी शादी का लहंगा या फिर और कोई लाल रंग का लहंगा या फिर साड़ी पहन सकती है। लाल रंग पहनने का कारण है कि इसे सुहाग की निशानी मानी जाती है। साथ ही यह प्रेम का प्रतीक माना जाता है।
इस दिन महिलाओं का यह व्रत उनके पति से जुडा हुआ होता है। इसी कारण महिलाओं को लाल रंग के कपड़े पहनना चाहिए। आप चाहे तो इस दिन अपनी शादी का लहंगा या फिर और कोई लाल रंग का लहंगा या फिर साड़ी पहन सकती है। लाल रंग पहनने का कारण है कि इसे सुहाग की निशानी मानी जाती है। साथ ही यह प्रेम का प्रतीक माना जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
karwa chauth
एकाग्र होकर सुनें करवा चौथ की कथा
करवा चौथ के दिन जितना महत्व व्रत और पूजा करने का होता है। उतना ही महत्व करवा चौथ की कथा का भी है। इसलिए इस कथा को बडे ही एकाग्र होकर सुनना चाहिए। कभी-कभी हम देखते है कि कई महिलाएं ऐसी होती है कि वह एकचित्त होकर नही सुनती है। उनका मन और कही लगा होता है। जो शास्त्रों के अनुसार गलत माना जाता है। इसलिए सभी महिलाओं को एकाग्र होकर कथा सुननी चाहिए। जिससे आपको शुभ फल मिलेगा।
करवा चौथ के दिन जितना महत्व व्रत और पूजा करने का होता है। उतना ही महत्व करवा चौथ की कथा का भी है। इसलिए इस कथा को बडे ही एकाग्र होकर सुनना चाहिए। कभी-कभी हम देखते है कि कई महिलाएं ऐसी होती है कि वह एकचित्त होकर नही सुनती है। उनका मन और कही लगा होता है। जो शास्त्रों के अनुसार गलत माना जाता है। इसलिए सभी महिलाओं को एकाग्र होकर कथा सुननी चाहिए। जिससे आपको शुभ फल मिलेगा।
विज्ञापन
करवा चौथ
करवा चौथ के दिन शाम को गाएं गीत
करवा चौथ के दिन पूजा करने के लिए हमारें आस-पास की भी महिलाएं एक जगह एकत्रित होकर व्रत करती है और पूजा करती है। साथ ही व्रत की कथा सुनी जाती है। जब तक चांद नही निकल आता। तब तक महिलाएं गीत भी गाती है। इसलिए आप भी इस दिन गीत गाएं जिसे बहुत ही शुभ माना जाता है और आपको अच्छा फल भी मिलता है।
करवा चौथ के दिन पूजा करने के लिए हमारें आस-पास की भी महिलाएं एक जगह एकत्रित होकर व्रत करती है और पूजा करती है। साथ ही व्रत की कथा सुनी जाती है। जब तक चांद नही निकल आता। तब तक महिलाएं गीत भी गाती है। इसलिए आप भी इस दिन गीत गाएं जिसे बहुत ही शुभ माना जाता है और आपको अच्छा फल भी मिलता है।