चंडीगढ़ के सेक्टर-34 स्थित रैली ग्राउंड में मंगलवार को प्रधानमंत्री मोदी की जनसभा में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। लोग पूरे उत्साह से मोदी-मोदी का नारा लगा रहे थे। आलम यह था कि लोग पेड़ों पर चढ़कर पीएम का संबोधन सुन रहे थे। आइए 10 तस्वीरों के साथ जानें पीएम मोदी की चंडीगढ़ रैली की 10 अहम बातें।
1- लोकसभा चुनाव के आखिरी चरण से पहले 1984 के सिख दंगों को लेकर कांग्रेस पर लगातार हमलावर बीजेपी को कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा के विवादित बयान से नया हथियार मिल गया है। मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सैम पित्रोदा के बयान पर काफी हमलावर दिखे, उन्होंने 40 मिनट के भाषण में करीब 34 बार ‘हुआ तो हुआ’ शब्द का जिक्र किया।
2- पीएम मोदी भ्रष्टाचार के जरिए भी हमलावर हुए। उन्होंने कहा कि रेलमंत्री के रिश्तेदार रेलवे भर्तियों में भ्रष्टाचार करते थे, उस वक्त कांग्रेस की सोच थी, हुआ तो हुआ। कांग्रेस के नामदार कहते हैं कि ‘कांग्रेस एक सोच है’ और कांग्रेस की सोच ही है हुआ तो हुआ।
3- पीएम मोदी सिख दंगों का जिक्र करने से भी नहीं चूके। कहा, कांग्रेस की ‘हुआ तो हुआ’ सोच के कारण 1984 के सिख दंगों के मामले में आज तक सभी पीड़ितों को इंसाफ नहीं मिल पाया है। जब इनसे इंसाफ के बारे में पूछा जाता है, तो ये अहंकार में कहते हैं- हुआ तो हुआ। दिल्ली में हजारों सिखों को घर से बाहर निकाल-निकाल कर मार दिया गया, लेकिन कांग्रेस कह रही है हुआ तो हुआ। किसी के पिता को, किसी के भाई को, किसी के बेटे को गले में टायर डालकर जला दिया गया, लेकिन कांग्रेस कह रही है हुआ तो हुआ।
4- मोदी ने चंडीगढ़ के लोगों को अपने भाषण में शामिल करते हुए पूछा कि जब देश में लाखों-करोड़ों के घोटाले हो रहे थे और कांग्रेस सोच रही थी हुआ तो हुआ। मोदी ने कहा कि एक दौर वह भी था, जब देश में योजनाओं को पूरा होने में दशकों लग जाते थे। निजी स्वार्थों के लिए वन रैंक वन पेंशन को लटकाया जा रहा था। काले धन के कारण गरीब के हाथ से उसके घर का सपना निकल रहा था। छोटे-छोटे कमरों में चार सौ से पांच सौ फर्जी कंपनियां चलाकर हजारों करोड़ का हवाला करोबार होता था। महंगाई के कारण मिडिल क्लास परिवारों की कमर टूट रही थी और कांग्रेस के नामदार व उनके दरबारी सोच रहे थे कि हुआ तो हुआ।