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Pics: देश पर कुर्बान हुआ जवान, तिरंगे में लिपटा पहुंचा शव, देख मां और पत्नी पथराई

Fri, 24 Nov 2017 09:15 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, गुरदासपुर(पंजाब)
ब्यूरो/अमर उजाला, गुरदासपुर(पंजाब) Updated Fri, 24 Nov 2017 09:15 AM IST
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indian army soldier mandeep singh martyr in Jammu kashmir
शहीद मंदीप सिंह
भारत का एक और वीर सपूत देश पर कुर्बान हो गया। जब उसका शव तिरंगे में लिपटकर गांव पहुंचा तो देखकर पत्नी पथरा गई, मां-बाप भी बदहवास हो गए।
indian army soldier mandeep singh martyr in Jammu kashmir
शहीद मंदीप सिंह
बुधवार को उत्तरी कश्मीर में कुपवाड़ा जिले के केरन सेक्टर में आंतकियों से मुठभेड़ में पंजाब के गुरदासपुर जिले के बटाला क्षेत्र के गांव चाहलखुर्द निवासी मंदीप सिंह शहीद हो गए। वीरवार को उनका शव गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। सैन्य प्रवक्ता ने जानकारी दी कि सुबह उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा जिले में केरन सेक्टर के साथ लगती लाइन ऑफ कंट्रोल (एलओसी) पर कुछ आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की।
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शहीद मंदीप सिंह
सुरक्षा बलों ने आतंकियों को ललकारा, तो उन्होंने गोलीबारी शुरू कर दी। सुरक्षा बलों ने भी आतंकियों को मुंहतोड़ जवाब देना शुरू कर दिया। इसी दौरान सुरक्षा बलों ने एक आतंकी को मार गिराया, लेकिन आतंकियों की गोलीबारी में तीन जवान भी जख्मी हो गए, जिनमें एक जवान मंदीप सिंह शहीद हो गया। बताया जा रहा है कि घायल जवान अवस्था में मंदीप को जिले के द्रग्मुला सैन्य अस्पताल शिफ्ट किया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत लाया घोषित कर दिया।
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शहीद मंदीप सिंह
वहीं शहीद की मां भजन कौर ने बताया कि मंदीप सितंबर 2004 में सेना में भर्ती हुआ था और 9 सिख लाई बटालियन में तैनात था। उसका बड़ा भाई राजेन्द्र सिंह भी सेना में सूबेदार है। एक भाई खेतीबाड़ी करता है। उसका एक चाचा नरेन्द्र पाल सिंह पंजाब पुलिस में कर्मचारी हैं। उसकी पत्नी राजविंदर कौर है और दो बेटे साढ़े तीन साल का अमृत सिंह तथा छोटा एक साल का गुरमुख सिंह है।
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शहीद मंदीप सिंह
शहीद मंदीप की मां ने बताया कि उसके पिता प्रेम सिंह बीमार रहते हैं। वे उसे कई बार फोन करके मिलने के लिए बुला चुके थे, लेकिन ये नहीं पता था कि वह तिरंगे में लिपट कर आएगा। मां ने बताया कि दो दिन पहले फोन आया था कि 15 दिन बाद घर आ रहा हूं, पिता जी को डॉक्टर के पास लेकर जाऊंगा। लेकिन पिता की बेटे से मिलने की आस सीने में ही दफन हो गई।
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