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अमृतसर ट्रेन हादसाः 300 पेज की जांच रिपोर्ट में हुआ चौंकाने वाला खुलासा, रेलवे से कनेक्शन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमृतसर(पंजाब)
Updated Fri, 07 Dec 2018 10:03 AM IST
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अमृतसर ट्रेन हादसा
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बहुचर्चित अमृतसर ट्रेन हादसे की मजिस्ट्रेट जांच के बाद 300 पेज की एक रिपोर्ट सरकार को सौंपी गई, जिसमें एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। इसका सीधा कनेक्शन रेलवे और गेटमैन से है। जानने के लिए आगे की स्लाइड देखें...
अमृतसर ट्रेन हादसा
- फोटो : PTI
हादसे की मजिस्ट्रेट जांच के मुताबिक, गेट नंबर 27 जोड़ा फाटक के गेटमैन अमित सिंह न सिर्फ अपने वैधानिक कर्तव्यों का निर्वहन करने में नाकाम रहे, बल्कि सुरक्षा उपाय नहीं किए जिससे इस दुर्घटना को आसानी से रोका जा सकता था। इसके अलावा रेलवे क्रॉसिंग गेट नंबर 26 के गेटमैन निर्मल सिंह भी अपने वैधानिक कर्तव्य निभाने में नाकाम रहे। उन्होंने गेटमैन अमित को सूचना देने में देरी की।
अमृतसर ट्रेन हादसा
रिपोर्ट में बताया कि गेटमैन को रेल ट्रैक पर लोगों की भीड़ के बारे में लगभग 5:30 बजे पता चल गया था, लेकिन उसने इस बारे में अमित सिंह को जानकारी लगभग पौने सात बजे दी। उसने संबंधित स्टेशन मास्टर को भी सूचित नहीं किया और ट्रेनों को ग्रीन सिग्नल दे दिए। इसलिए, वह भी इसके लिए जिम्मेदार है। रिपोर्ट में कहा गया है कि आयोजकों के पास धोबी घाट में रावण दहन समेत दशहरा उत्सव के लिए कोई अनुमति नहीं थी।
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Amritsar train accident
- फोटो : PTI
आयोजकों ने वहां एकत्र हुए लोगों की सुरक्षा के भी पर्याप्त उपाय नहीं किए। उन्होंने न तो रेलवे को सूचित किया और न ही लोगों को ट्रैक पर खड़े होने से रोका। रेलवे को अगर सूचना दे दी जाती तो इस खंड पर ट्रेनों को नियंत्रित किया जा सकता था। अगर आयोजक दशहरा देखने आए लोगों की सुरक्षा के प्रति संजीदा होते और समारोह स्थल व रेल ट्रैक के बीच दीवार के साथ 10-12 फुट पर पर्दे आदि लगाते तो हादसा रोका जा सकता था।
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Amritsar rail accident
- फोटो : ani
रेलवे ने किया था अपने कर्मियों का बचाव
उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व हादसे पर रेल मंत्रालय द्वारा जारी की गई जांच रिपोर्ट में रेलवे के किसी कर्मचारी को दोषी न ठहराते हुए ट्रैक पर खड़े लोगों को गलत करार दिया था। वहीं अब पंजाब सरकार के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू और उनकी पत्नी नवजोत कौर सिद्धू को क्लीन चिट दे दी गई है। कहा गया है कि हादसे के समय नवजोत सिंह सिद्धू अमृतसर में नहीं थे, जबकि समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहीं नवजोत कौर सिद्धू का चीफ गेस्ट के रूप में इंतजाम देखने का काम नहीं था।
उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व हादसे पर रेल मंत्रालय द्वारा जारी की गई जांच रिपोर्ट में रेलवे के किसी कर्मचारी को दोषी न ठहराते हुए ट्रैक पर खड़े लोगों को गलत करार दिया था। वहीं अब पंजाब सरकार के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू और उनकी पत्नी नवजोत कौर सिद्धू को क्लीन चिट दे दी गई है। कहा गया है कि हादसे के समय नवजोत सिंह सिद्धू अमृतसर में नहीं थे, जबकि समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहीं नवजोत कौर सिद्धू का चीफ गेस्ट के रूप में इंतजाम देखने का काम नहीं था।