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MP News: प्रदेश के दूसरे संस्कृत विद्यालय का सोहनगढ़ में भूमिपूजन, जुलाई से वैकल्पिक भवन में होगी पढ़ाई
Fri, 06 Jan 2023 11:04 PM IST
उदित दीक्षित
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, रतलाम
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, रतलाम
Published by: उदित दीक्षित
Updated Fri, 06 Jan 2023 11:04 PM IST
सार
भरत बैरागी ने बताया कि हमारा संस्थान परंपरागत बिजनेस और कृषि आधारित रोजगारोंमुखी पाठ्यक्रम भी शुरू कर रहा है ताकि युवाओं को रोजगार देकर आत्मनिर्भर बनाया जा सके। मध्य प्रदेश में संस्कृत भाषा की पढ़ाई अब प्राथमिक और प्री-प्राथमिक स्तर पर शुरू की जाएगी।
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रतलाम के सोहनगढ़ में हुआ आवासीय संस्कृत विद्यालय का भूमिपूजन।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
मध्य प्रदेश के दूसरे आवासीय संस्कृत विद्यालय का भूमिपूजन और शिलान्यास शुक्रवार को रतलाम जिले के सोहनगढ़ में किया गया। ये कार्यक्रम महर्षि पतंजलि संस्कृत संस्थान मप्र के अध्यक्ष भरत बैरागी (राज्यमंत्री दर्जा) की मौजूदगी में संपन्न हुआ। अब एस्टीमेट बनाकर भवन निर्माण की प्लानिंग की जाएगा।
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जानकारी के अनुसार 500 सीट का आवासीय संस्कृत विद्यालय 2.85 हेक्टेयर जमीन पर बनेगा। आगामी शैक्षणिक वर्ष जुलाई से इसमें भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी भी चल रही है। नया भवन बनने तक वैकल्पिक भवन में कक्षाएं संचालित की जाएंगी।
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भरत बैरागी ने बताया कि हमारा संस्थान परंपरागत बिजनेस और कृषि आधारित रोजगारोंमुखी पाठ्यक्रम भी शुरू कर रहा है ताकि युवाओं को रोजगार देकर आत्मनिर्भर बनाया जा सके। मध्य प्रदेश में संस्कृत भाषा की पढ़ाई अब प्राथमिक और प्री-प्राथमिक स्तर पर शुरू की जाएगी। जिस तरह बच्चों की पहली किताब में हिंदी, अंग्रेजी वर्णमाला रहती है। उसी तरह एक किताब संस्कृत वर्णमाला की रहेगी।
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प्रारंभिक रूप से 4 जिले अलीराजपुर, बड़वानी, इंदौर व शाजापुर के एक-एक उत्कृष्ट स्कूल में प्रयोग के तौर पर इसी जनवरी से इसे पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है। शिक्षा सत्र 2023-24 से प्रदेश के सभी 52 जिलों में जिला स्तर के एक-एक उत्कृष्ट स्कूल में प्री-प्राइमरी संस्कृत पाठ्यक्रम लागू करेंगे। इसकी तैयारी स्कूल शिक्षा विभाग व संस्कृत बोर्ड ने कर ली है।
