फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   UP: Teachers' organization came out against the merger of primary schools, Congress President wrote a letter t

यूपी: प्राथमिक स्कूलों के विलय के खिलाफ उतरे शिक्षक संगठन, कांग्रेस अध्यक्ष ने राज्यपाल को लिखा पत्र

Sat, 21 Jun 2025 10:35 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ Published by: रोहित मिश्र Updated Sat, 21 Jun 2025 10:35 PM IST
सार

Primary schools of UP: यूपी में बीते दिनों प्राथमिक स्कूलों के विलय का प्रस्ताव सरकार द्वारा लाया गया। इसकी शुरुआत गोरखपुर से हुई। अब इस मामले शिक्षक संगठन लामबंद हो रहे हैं। 

विज्ञापन
UP: Teachers' organization came out against the merger of primary schools, Congress President wrote a letter t
यूपी के प्राइमरी स्कूल। स्कूलों का विलय शुरू। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

प्रदेश में कम नामांकन वाले परिषदीय स्कूलों के विलय का विरोध बढ़ता जा रहा है। शिक्षक, शिक्षामित्र व अनुदेशकों के संयुक्त मोर्चा ने शनिवार को ऑनलाइन बैठक कर इस निर्णय का विरोध किया। साथ ही यह भी कहा कि जल्द यह निर्णय वापस नहीं लिया गया तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।

विज्ञापन


संयुक्त मोर्चा के प्रांतीय सचिव दिलीप चौहान ने बताया कि विद्यालयों के विलय से वह बच्चे जो गरीब तबके से आते हैं, जिनके पास विद्यालय तक आने जाने का कोई संसाधन तक नहीं है। ऐसे बच्चे अपने घर के पास के विद्यालय में शिक्षा पाते थे, वे प्रभावित होंगे। जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष योगेश त्यागी ने कहा कि सरकार विद्यालयों को मर्ज कर आरटीई एक्ट का उलंघन कर रही है।
विज्ञापन


उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष सुशील कुमार पांडेय ने कहा कि विद्यालय को बंद कर पिछड़े क्षेत्रों के बच्चों को शिक्षा से दूर रखने का विरोध करेंगे। यदि इस फैसले को वापस नहीं लिया जाता तो हम सब मिलकर आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


विशिष्ट बीटीसी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रांतीय अध्यक्ष संतोष तिवारी व उप्र बीटीसी शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष अनिल यादव ने कहा कि प्राथमिक विद्यालयों को एक किलोमीटर की दूरी पर इसलिए ही खोला गया था ताकि पास के गांव व मजरे के बच्चों को बिना किसी परेशानी के शिक्षित किया जा सके। ऐसे में विद्यालयों का विलय करना शिक्षकों और बच्चों के साथ घोर अन्याय होगा।

बैठक में शिक्षामित्र संगठन के प्रदेश अध्यक्ष शिव कुमार शुक्ला व प्रदेश महामंत्री सुशील यादव, एफआरसीटी के संस्थापक महेंद्र कुमार वर्मा, विशिष्ट बीटीसी संगठन की वरिष्ठ उपाध्यक्ष शालिनी मिश्रा, अटेवा के प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार बंधु ने इसका विरोध किया। वहीं बीटीसी संघ के प्रदेश अध्यक्ष नीतेश पांडेय ने कहा कि जो बीटीसी, बीएड किए लाखों युवा हर साल निकल रहे हैं, वह कहां जाएंगे।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने राज्यपाल को लिखा पत्र

UP: Teachers' organization came out against the merger of primary schools, Congress President wrote a letter t
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय - फोटो : अमर उजाला

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को पत्र लिखकर मनमाने तरीके से विद्यालयों के विलय कर आम आदमी के बच्चों को शिक्षा से वंचित करने का आरोप लगाया है। उन्होंने इसको रोकने की मांग की है। अजय राय ने कहा है कि प्रदेश सरकार शिक्षा के क्षेत्र में लगातार जनविरोधी और मनमानी नीतियां लागू कर रही है। इसका सबसे ज्यादा नुकसान आम आदमी के बच्चों को हो रहा है। विद्यालयों के विलय से ग्रामीण और गरीब परिवार के बच्चे शिक्षा से वंचित होंगे। शिक्षक भर्तियों को लटकाकर और खाली पदों को भरने में आनाकानी करके सरकार सरकारी विद्यालयों को जानबूझकर कमजोर कर रही है।

सरकारी स्कूल बचाओ पदयात्रा निकालेंगे

प्रदेश कांग्रेस पिछड़ा वर्ग विभाग के चेयरमैन मनोज यादव ने कहा है कि प्रदेश सरकार नौकरी खत्म करने और पिछड़े, दलित, आदिवासी समाज के गरीब बच्चों की शिक्षा छीनने की नीयत से सरकारी प्राइमरी स्कूलों को बंद क़रने का काम कर रही है। इस निर्णय के खिलाफ संगठन सरकारी स्कूल बचाओ पदयात्रा और सरकारी स्कूल बचाओ चौपाल का आयोजन करेगा। उन्होंने कहा कि बीजेपी कार्यालय तो फाइव स्टार बन रहे हैं फिर सरकारी स्कूल की अच्छी बिल्डिंग, इंग्लिश मीडियम शिक्षा, परिवहन सुविधाओं के लिए सरकार के पास पैसा क्यों नहीं है?

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed