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भू-अधिग्रहण का खेल: अपनों को खरीदवाईं हाइवे किनारे की जमीनें, 80 करोड़ से ज्यादा का घपला

Sat, 21 Sep 2024 01:01 PM IST
ishwar ashish अजित बिसारिया, अमर उजाला, लखनऊ
अजित बिसारिया, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Sat, 21 Sep 2024 01:01 PM IST
सार

हाईवे के लिए जमीन अधिग्रहण में मोटे मुआवजे के लिए जमकर भ्रष्टाचार हो रहा है। एक व्यक्ति के नाम कई सड़कों और गांवों में जमीन खरीदी गई है।
 

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UP: More than 80 crore rupees scam in land acquisition.
- फोटो : amar ujala

विस्तार

हाईवे के लिए जमीन अधिग्रहण में अफसर और कर्मचारी मिलीभगत से बड़ा खेल कर रहे हैं। दरअसल, जैसे ही अफसरों को किसी सड़क परियोजना की भनक लग रही है, वे किसी करीबी को कई गांवों में जमीन खरीदवा रहे हैं। इनमें कोई एनएचएआई के अफसर का रिश्तेदार है तो कोई कानूनी सलाहकार के परिवार का सदस्य है। यही नहीं, पीडब्ल्यूडी और राजस्व विभाग के कर्मी अनाप-शनाप रिपोर्ट भी लगा रहे हैं।

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बरेली में बरेली-पीलीभीत-सितारगंज हाईवे और बरेली रिंग रोड के लिए जमीन अधिग्रहण में 80 करोड़ रुपये से ज्यादा का घपला सामने आने पर पीडब्ल्यूडी व एनएचएआई के कई अभियंता व कर्मचारी निलंबित किए जा चुके हैं। एनएचएआई सूत्रों के मुताबिक, अगर कड़ाई से जांच हो तो पलिया-शाहजहांपुर-हरदोई-लखनऊ हाईवे में भी ऐसी गड़बड़ियां मिलेंगी।
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मोटे मुआवजे के लिए घोटाला
कर्मवीर (बदला हुआ नाम) के पास पलिया-शाहजहांपुर-हरदोई-लखनऊ हाईवे, बरेली-पीलीभीत-सितारगंज और बरेली रिंग रोड के छह गांवों अमरिया, ककराही आउटर, नगरा, कुशमाह, नारायणपुर बिकरमपुर व उमरेशिया में जमीन थी। उसने एनएचएआई से मुआवजा भी लिया है। सूत्र बताते हैं कि उनका बेटा एनएचएआई के अधिवक्ना पैनल में है। उसे यह पता करना मुश्किल नहीं होता कि किस हाईवे को चौड़ा किया जाना है या कहां हाईवे बनना है।

स्टेट एसआईटी को सौंपी जांच
बरेली-सितारगंज-हाईवे पर कबीर दास (परिवर्तित नाम) ने नौ गांवों सरकरा, शाही, उगनपुर, अमरिया, भुआनी, सरदारनगर, कल्यानपुर, चक्रतीर्थ और माधोपुर में जमीन का मुआवजा लिया। प्रदेश सरकार ने मामले की जांच स्टेट एसआईटी को सौंप दी है।

कैसे पकड़े जाते हैं ऐसे भ्रष्टाचार
राजस्व रिकॉर्ड से ऐसा भ्रष्टाचार पकड़ना मुश्किल नहीं है। इसके लिए सिर्फ यह पता करना होगा कि मुआवजा लेने वाले व्यक्ति ने जमीन कब खरीदी। फिर उसके रिश्तेदारों और करीबियों को विभाग में ढूंढना होगा।

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